
इंदौर. भागीरथपुरा क्षेत्र में डायरिया और पेट संबंधी बीमारियों की स्थिति अब भी गंभीर बनी हुई है. शनिवार को क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और अस्पतालों में 116 मरीज उपचार के लिए पहुंचे, जिनमें छह मरीज डायरिया से पीड़ित पाए गए. बीमारी की गंभीरता को देखते हुए छह मरीजों को आईसीयू में भर्ती किया है, जबकि 10 अन्य मरीज अस्पताल के वार्ड में उपचाररत हैं.
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हासानी ने बताया कि बीमारी के प्रसार को रोकने के लिए भागीरथपुरा प्रभावित क्षेत्र में 50 सर्वे दलों द्वारा सघन सर्वे अभियान चलाया गया. सर्वे के दौरान घर घर जाकर हेल्थ कार्ड वितरित किए. साथ ही नागरिकों को पानी उबालकर पीने, अच्छी तरह पका भोजन करने और हाथ धोने के सही तरीकों की जानकारी दी गई. क्षेत्र में 10 जनवरी से स्वास्थ्यवर्धन अभियान भी चलाया जा रहा है, जिसके तहत गैर संचारी रोगों की जांच लगातार की जा रही है. वहीं कलेक्टर के निर्देश पर प्रभावित क्षेत्र में दो एम्बुलेंस तैनात की गई हैं और 24 घंटे चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई है. वहीं गंभीर मरीजों को एमवाय अस्पताल, अरविंदो अस्पताल तथा बच्चों को चाचा नेहरू अस्पताल रेफर किया जा रहा है. निजी अस्पतालों में उपचार लेने वाले मरीजों को भी नि:शुल्क जांच, दवा और इलाज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं.
