इंदौर:बाणगंगा को सुपर कॉरिडोर से जोड़ने वाले नंदबाग मेन रोड पर सड़क और नाला निर्माण में नगर निगम की अनदेखी से लोगो का जीना मुहाल हो गया है. नगर निगम ने यहां सोम प्रोजेक्ट को ठेका दिया है, जिसका काम पिछले आठ माह से बंद पड़ा हुआ है. यद्यपि ठेकेदार कंपनी ने निर्माण स्थल पर कार्य प्रगति का सूचना बोर्ड लगा रखा है. यह इस क्षेत्र का सबसे व्यस्ततम मार्ग है, जिसमें खुला नाला और गटर के बीच से नर्मदा की पेयजल पाइप लाइन भी गुजर रही है. नाला खुला होने से इस मार्ग पर दिनभर जाम लगा रहता है. इधर, लोगों को यह आशंका है कि इस पाइप लाइन से दूषित पानी के कारण उनके यहां भी भागीरथपुरा जैसी घटना की पुनरावृत्ति हो सकती है. नाला खुला होने से हर समय दुर्घटना का डर भी बना रहता है.
सतत आठ बार सबसे साफ शहर का तमगा हासिल शहर की दूसरे सबसे बड़े रहवासी इलाके में नगर निगम की अनदेखी लोगों पर भारी पड़ रही है. नंदबाग क्षेत्र में दर्जनभर से ज्यादा बस्तियां है और इसका मेन रोड बाणगंगा सहित शहर को सुपर कॉरिडोर से जोड़ता है. उधर, सुपर कॉरिडोर के पास भी कई बस्तियों ने आकार ले लिया है, जिसका आवागमन भी इसी रोड पर होता है. इस रोड पर जगह-जगह निर्माण अधूरा छोड़े जाने के व्यवधान बने हुए हैं. सबसे ज्यादा दुर्गति मेन रोड पर सद्गुरु स्कूल के सामने हो रही है. यहीं पर दुर्गा कालोनी का मुख्य पहुंच मार्ग भी है. दिनभर इस मार्ग पर आवाजाही बनी रहती है. सुपर कॉरिडोर की ओर जाने वाला मार्ग की तरफ का एक सिरा बन चुका है, जबकि दूसरे सिरे का काम पिछले आठ माह से बंद पड़ा है. रोड के निर्माण के साथ-साथ ठेकेदार को ड्रेनेज और पेयजल पाइप लाइन का निर्माण भी करना है.
कचरा कूड़ा डाल रहे लोग
गौरतलब है कि सोम प्रोजेक्ट को सड़क निर्माण के साथ पानी और ड्रेनेज लाइन का ठेका भी दिया है. निर्माण कार्य ठप होने से पानी की लाइन ड्रेनेज लाइन के बीच से ही गुजर रही है और जिस जगह नाली का निमार्ण किया जाना है, वहां अब कचरा कूड़ा डाला जा रहा है. ड्रेनेज और पानी लाइन के पास की नाली में कचरा कूड़ा डाले जाने से यहां का पानी भी सडांध मारने लगा है. इसी नाले के पास से दिनभर वाहनों की आवाजाही बनी रहती है. इसमें अब तक कई दुर्घटनाएं हो चुकी है. शायद नगर निगम किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहा है.
आधा घंटा ही भर पाते हैं पानी
पेयजल की पाइप लाइन ड्रेनेज लाइन के पास से गुजरने के कारण क्षेत्रवासी नल मे जलप्रवाह होने के आधा घंटा पीने का पानी भर पाते हैं. क्षेत्रवासियों को गटर के बीच पानी की लाइन गुजरने से यहां भी भागीरथपुरा की पुनरावृत्ति होने की आशंका बनी हुई है.
क्या बोले रहवासी…
– नंदबाग के आधे-अधूरे नाले के पास स्थित रानी जनरल स्टोर के मुकेश यादव का कहना है कि रोड पर नाले का निर्माण नहीं किए जाने से यहां दिनभर जाम लगता रहता है. वाहन चालक गिरते-पड़ते रहते हैं. इसी नाले के पास उनके मोहल्ले में जलप्रदाय करने वाली पाइप लाइन भी गुजर रही है. आशंका है कि इस पानी की लाइन में ड्रेनेज का पानी मिल रहा है, क्योंकि यहां का नाला पानी रुके होने के कारण सड़ाध मारता रहता है.
– नंदबाग रोड से सटी दुर्गा कालोनी के रहवासी ओमप्रकाश मालवीय का कहना है कि यहां नगर निगम ने सोम प्रोजेक्ट को ठेका दिया था. जिसका निर्माण कार्य लम्बे समय से चल रहा था, लेकिन विगत आठ-नौ माह से काम बंद पड़ा है. इस संबंध में वे सोम प्रोजेक्ट के सुपरवाइजर महेन्द्र पटेल से कई बार शिकायत कर चुके हैं, मगर काम शुरू होने का नाम नहीं ले रहा है.
– गोविंद सिसौदिया ने अपनी पीड़ा बताते हुए नगर निगम को ही कोसा. निगम अधिकारी तो ठेका देकर भूल गए और निर्माण की प्रगति का जायजा लेने आज तक यहां कोई नहीं आया है. वे कहते हैं- ‘आप यहां देख सकते हैं कि नगर निगम और ठेकेदार कंपनी ने संयुक्त रूप से एक सूचना बोर्ड लगा रखा है, जिसमें लिखा है कि कार्य प्रगति पर है’, जबकि काम आठ माह से बंद पड़ा है. इसका खामियाजा जनता को भुगतना पड़ रहा है.
– नंदबाग की गली नंबर एक पर रहने वाले विनोद लोवंशी नाले का खुला छोड़ने और पानी की लाइन को गटर के पास से गुजरने पर रोष जताते हुए कहते हैं कि यही आलम रहा तो यहां भी भागीरथपुरा की पुनरावृत्ति हो सकती है. बावजूद इसके यहां के नाले में कचरा डाल कर चमचमाते शहर को निरंतर गंदा किया जा रहा है.
