इंदौर: शहर में मास्टर प्लॉन के तहत सडक¸ चौड़ीकरण के काम में अनियमितताओं और प्लॉन में बदलाव को लेकर शिकायतें हैं. मास्टर प्लॉन के अंतर्गत सडक¸ चौड़ीकरण के कार्य में कहीं भी कभी भी रद्दो-बदल कर दिया जा रहा है. कई लोगों के वैध मकानों और दुकानों पर बुलडोजर चल रहा है, जिससे लोगों को भारी नुकसान हो रहा है, जबकि अधिकारी विकास और भविष्य के ट्रैफिक के लिए इसे जरूरी बता रहे हैं और अवैध निर्माण पर कार्रवाई कर रहे हैं और लोगों को मुआवजे की बजाय विस्थापन का सामना करना पड़ रहा है.
एक बार फिर खजराना का मास्टर प्लॉन सुर्खियों में है. स्टार चौराहा से बड़ा मदरसा तक तय की गई सेंटर लाईन के मुताबिक करीब सौ फीट तक चौड़ा किया जा रहा है. इसमें बदलाव करते हुए रिंग रोड से कालका मंदिर तक साठ फीट कर दिया गया. बदलाव की हद तो तब देखने को मिली, जब एक तरफ के भवनों को बचाने के लिए एक निवेदन पर जमजम चौराहा से बड़ा मदरसा तक बनने वाले मार्ग की सेंटर लाईन में ही बदलाव कर दिया गया.
इस मार्ग पर खड़े होकर देखा जाए तो तीन दशकों से सडक¸ सेंटर लाईन से बना हुआ है, लेकिन अब नगर निगम द्वारा तंजिम नगर के भवनों के आगे बने आधे फुटपाथ पर निशान लगाकर सेंटर लाईन बना दिया गया. इससे करीब डेड़ सौ मकान प्रभावित हो जाएंगे और सैकड़ों परिवार बेघर हो जाएंगे. तंजिम नगर के रहवासी न्याय के लिए कलेक्टर, निगम आयुक्त और महापौर तक गुहार लगाई गई, जहां से उन्हें टीएनसी विभाग पहुंचा दिया गया. अब रहवासियों को वहां से भी धकेला जा रहा है. अब सवाल यह है कि एक ही मार्ग के एक ही मास्टर प्लॉन में कितने बदलाव किसके इशारे पर किए जा रहे हंै.
यह बोले प्रभावित नागरिक
हम विकास के सहयोगी हंै, लेकिन सडक¸ के मध्य हिस्से को छोडक¸र एक तरफ के फुटपाथ से सेंटल लाईन बना रहे हैं. कॉलानियों के अवैध-वैध को लेकर कुछ लोग भ्रम फैलाकर प्रशासनिक अधिकारी कार्य को भटका रहे हैं.
– मोहम्मद जावेद खान
सडक¸ की चौड़ाई से हमें आपत्ति नहीं हैं, लेकिन 1500 मीटर मार्ग के बाद जमजम चौराहा से बड़े मदरसा वाली एक सेंटर लाईन को अलग कर आउट कर दिया गया है. यह सब मिलीभगत से हो रहा है, जो उचित नहीं है.
– इमरान खान
मेरे मकान की 70 वर्ष पुरानी रजिस्ट्री है. ग्राम पंचायात का नक्शा है. टैक्स भरते हैं. हम विकास के खिलाफ नहीं हैं, सहयोगी हैं, लेकिन पक्षपात करते हुए सेंटर लाईन आउट कर सामने वाले रहवासियों को सुरक्षित कर दिया है. शासन प्रशासन हमारे लिए न्याय करें.
– बबलू मलंग
