
ब्यावरा। एक तरफ जहां ठंड के दिनों में भी नगर में छः से सात दिन में पेयजल सप्लाई हो पा रही है वहीं दूसरी और नपा की सार्वजनिक ट्यूबवेल, पानी टंकी से हर दिन लाखों लीटर पानी बहकर बर्बाद हो रहा है.
गौरतलब है कि एक और जहां गर्मी के दिनों में ही नहीं अपितु बारिश, ठंड में भी नगर में पेयजल सप्लाई छः से सात दिन में हो पा रही है, नागरिकों को जल संकट का सामना करना पड़ रहा है तो दूसरी और नगर पालिका के आधिपत्य वाले सार्वजनिक ट्यूबवेल, पानी की टंकियों से हर दिन लाखों लीटर पानी बेफिजूल बहता हुआ देखा जा सकता है. हर दिन बहता सडक़ों पर पानी
नगर के वार्डो में नगर पालिका द्वारा सार्वजनिक ट्यूबवेल लगाकर वहां पानी की टंकी रखी गई है. परन्तु अधिकांश जगह आये दिन ट्यूबवेल एवं टंकी से लाखों लीटर पानी बहते हुए देखा जा सकता है. जूना ब्यावरा स्थित पुरानी तहसील के समीप, जगात चौक सहित अन्य स्थानों पर आये दिन टंकियों से पानी बहता देखा जा सकता है. यही नहीं कई बार ओव्हर फ्लो होने से घंटो तक पानी बहता रहता है, परन्तु इस बर्बाद हो रहे पानी पर किसी का कोई ध्यान नहीं है. जबकि यही पानी यदि अभी संरक्षित किया जाये तो भीषण गर्मी के दिनों में यह काफी उपयोगी होगा.
इंदौर नाका पुल के यहां फूट रही लाइन
इंदौर नाका से मुल्तानपुरा जाते समय पुल पार करते ही नपा की पाइप लाइन फूटी है जिसमें से पेयजल सप्लाई के दौरान लाखों लीटर पानी बह जाता है. यह लाइन एक-दो दिन, सप्ताह नहीं लम्बे समय से क्षतिग्रस्त है, रहवासियों द्वारा अनेक बार पाइप लाइन को लेकर नपा के जिम्मेदारों को अवगत कराया जा चुका है किंतु आज भी पाइप लाइन से लाखों लीटर पानी बहने का क्रम जारी है.
