
जबलपुर। मप्र हाईकोर्ट ने बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी के विरुद्ध भोपाल की एमपी-एमएलए कोर्ट से जारी गिरफ्तारी वारंट पर रोक बरकरार रखी है। वहीं कोर्ट ने आकाश विजयवर्गीय को जवाब पेश करने मोहलत प्रदान की है। जस्टिस बीपी शर्मा की एकलपीठ ने मामले पर अगली सुनवाई 19 जनवरी को निर्धारित की है।
उल्लेखनीय है कि मानहानि का केस भाजपा के वरिष्ठ नेता और मध्य प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के पुत्र आकाश विजयवर्गीय ने दायर किया है। नवंबर 2020 में कोलकाता में आयोजित एक सभा में अभिषेक बनर्जी ने भाजपा के तत्कालीन राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के बेटे आकाश विजयवर्गीय को गुंडा कहा था। इस बयान को लेकर आकाश ने 2021 में मानहानि का मामला दर्ज कराया था। अभिषेक की ओर से याचिका दायर कर दलील दी गई थी कि वे वर्तमान में टीएमसी सांसद हैं और उनके फरार होने की संभावना नहीं है। उन्होंने एमपी-एमएलए कोर्ट में व्यक्तिगत उपस्थिति से राहत प्रदान किए जाने का आवेदन दिया था, किंतु कोर्ट ने उस पर विचार न करते हुए गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया। मानहानि का मुकदमा अनुचित है। ऐसा इसलिए क्योंकि बयान को तोड़ मरोड़ कर समाचार बनाए गए थे। जिस कारण मामला मानहानि के मुकदमे में अधीनस्थ अदालत द्वारा जारी गिरफ्तारी वारंट पर रोक लगाई जाए। जिसके बाद न्यायालय ने उन्हें राहत प्रदान करते हुए गिरफ्तारी वारंट पर रोक लगा दी थी।
