
सारंगपुर। भावांतर योजना के तहत सोयाबीन उपज बेचने वाले किसानों को अपनी उपज का पैमेंट नगद न होकर बैंक के माध्यम से किया जा रहा है जिसके चलते विशेषकर सहकारी केन्द्रीय बैंक मर्यादित के सामने सुबह से ही लम्बी-लम्बी लाइन लग रही है. पैमेंट लेने के लिए किसानों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
गौरतलब है कि भावांतर योजना के तहत सोयाबीन बेचने पर उसका पैमेंट बैंक के माध्यम से मिल रहा है. जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक मर्यादित शाखा सारंगपुर में अधिकांशत: किसानों के खाते है. बैंक शाखा के बाहर सुबह से ही लम्बी लाइन लग रही है.
पासबुक रखकर लगाते है नम्बर
जल्दी नम्बर आने को लेकर सुबह 5 बजे से ही किसान बैंक शाखा के यहां आ जाते है. अपनी पासबुक रखकर लाइन में लगते है. दिन भर लाइन में लगना पड़ता है. तब कही जाकर पैमेंट मिल पाता है, वहीं कई बार तो लाइन में लगने के बाद भी पैमेंट नहीं मिल पाता है. यहां पासबुक देने पर बैंक प्रबंधन द्वारा टोकन दिया जाता है, उस आधार पर नम्बर आता है.
मिलने वालो को दूसरे रास्ते से बुलाते है
यह भी कहा जा रहा है कि अपने परिचित लोगों को बैंक में दूसरे रास्ते से बुलाकर उनका पैमेंट कर दिया जाता है, जबकि अन्य किसान पैमेंट के लिए लम्बी लाइन में लगे रहते है.
