
मंदसौर। कॉलेज ऑफ हॉर्टिकल्चर, मंदसौर में बी.एससी. (हॉर्टिकल्चर) प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों के लिए आयोजित 15 दिवसीय दीक्षारंभ कार्यक्रम शनिवार को उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अरविंद कुमार शुक्ला के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य नए विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की संरचना, नियम-विनियम, छात्रवृत्तियाँ, एंटी-रैगिंग व्यवस्था और शैक्षणिक अवसरों से अवगत कराना रहा।
पूरे कार्यक्रम में सबसे विशेष बात यह रही कि कॉलेज के अधिष्ठाता डॉ. इंदर सिंह तोमर सभी सत्रों में निरंतर उपस्थित रहे और अपने प्रेरणादायक संबोधनों से विद्यार्थियों में अनुशासन, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच विकसित करने का संदेश देते रहे।
कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों के कई अनुभवी विशेषज्ञों ने अपने विचार साझा किए। प्रमुख वक्ताओं में बृजेश जोशी, प्रदीप शर्मा, डॉ. आशीष जोशी, डॉ. जवाहर मंडलोई, विष्णु सेन कच्छावा, न्यायमूर्ति आर.एस. चुण्डावत, डॉ. खुशाल सिंह पुरोहित, डॉ. परिधि मंडलोई, डॉ. दीपिन माथुर, डॉ. बृज बिहारी शर्मा, डॉ. केशव कांत गौतम और डॉ. तेजराज सिंह हाड़ा शामिल रहे।
इन विशेषज्ञों ने सामाजिक दायित्व, फिल्म निर्माण, स्वस्थ जीवनशैली, आयुर्वेद, कॉस्मेटोलॉजी, व्यक्तित्व विकास, कानूनी साक्षरता और कृषि में करियर अवसर जैसे विषयों पर महत्वपूर्ण जानकारियाँ दीं।
डॉ. एच.पी. सिंह ने RAWE कार्यक्रम के विभिन्न चरणों की विस्तृत जानकारी दी, वहीं श्री प्रदीप तुरकुमाने (खेल अधिकारी) ने विद्यार्थियों के लिए योग, ध्यान और फिटनेस गतिविधियों के सत्र आयोजित किए।
डॉ. अल्पना कुम्हारे ने ‘ग्रीन ग्रेजुएशन’ कार्यक्रम के महत्व और पर्यावरण लाभों के बारे में बताया, जबकि डॉ. देवेंद्र इनवाती ने विद्यार्थियों को ऑनलाइन प्रश्न बैंक की सुविधाओं और उसके शैक्षणिक लाभों से अवगत कराया।
प्रसिद्ध पर्यावरणविद् डॉ. खुशाल सिंह पुरोहित का विशेष सत्र कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा, जिसमें उन्होंने जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता ह्रास एवं पर्यावरण संरक्षण में युवाओं की भूमिका पर प्रभावी व्याख्यान दिया।
कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और प्रतियोगिताएँ भी आयोजित हुईं, जिनमें विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
समापन समारोह में विद्यार्थियों को बी.एससी. हॉर्टिकल्चर पाठ्यक्रम वितरित किया गया। समारोह के मुख्य अतिथि प्रो. जे.एस. दुबे (प्राचार्य, गवर्नमेंट कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस, मंदसौर) ने विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारण, सकारात्मक सोच और धैर्य के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
पूरे कार्यक्रम के संचालन में डॉ. रूपेश चतुर्वेदी, डॉ. बी.के. पाटीदार और डॉ. देवेंद्र इनवाती (दीक्षारंभ समन्वयक) का विशेष योगदान रहा।
समग्र रूप से यह 15 दिवसीय कार्यक्रम नए विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक, ज्ञानवर्धक और आत्मविश्वास बढ़ाने वाला रहा, जिसने उनके शैक्षणिक सफर की मजबूत और सकारात्मक शुरुआत सुनिश्चित की।
