सतना:मध्यप्रदेश विज्ञान प्रौद्योगिकी परिषद भोपाल एवं डीआरआई के संयुक्त तत्वावधान में दो दिवसीय स्वास्थ्य कार्यकर्ता प्रशिक्षण का आयोजन लोहिया सभागार उद्यमिता विद्यापीठ दीनदयाल परिसर में आयोजित किया गया। जिसका शुभारम्भ शनिवार को मध्यप्रदेश के उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इंदर सिंह परमार, कुलगुरु महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय प्रो. भरत मिश्रा ने राष्ट्र ऋषि नानाजी की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन व माल्यार्पण के साथ किया।
उद्घाटन सत्र में अपने आतिथ्य उद्बोधन में मंत्री इंदर सिंह परमार ने कहा कि भारतीय ज्ञान एवं विज्ञान तथा परम्पराएँ विश्व में सर्वश्रेष्ठ हैं। आवश्यकता इस बात की है कि हम परम्परागत ज्ञान का संरक्षण व संवर्धन करने के साथ-साथ उसे लिपिबद्ध करें, जिससे वह जनमानस के लिए उपयोगी सिद्ध हो सके, यह कार्य उनका विभाग कर रहा है। आयुर्वेद के माध्यम से हम स्वास्थ के क्षेत्र में बेहतर, सस्ता, कारगर एवं स्थाई समाधान कर सकते हैं। स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के माध्यम से स्थानीय स्तर पर यह कार्य बेहतर हो सकता है जिसका सफल प्रयोग दीनदयाल शोध संस्थान कर रहा है यह अनुकरणीय है।
मंत्री परमार ने कहा कि स्वस्थ भारत का सपना मध्यप्रदेश की धरती से वर्तमान सरकार पूर्ण करने की दिशा में सकारात्मक प्रयास कर रही है और इसके अपेक्षित परिणाम भी प्राप्त हो रहे हैं। इस दो दिवसीय प्रशिक्षण में स्वास्थ्य कार्यकर्ता को हरी ताजी औषधियों की जानकारी, उनकी पहचान, उनकी मात्रा और उनकी सेवन विधि की जानकारी, उपचार विधि, स्वच्छता, नशा मुक्ति, दंत रोग, पथ्य-अपथ्य एवं आहार तथा संक्रामक बीमारियों से बचाव आदि कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा एवं प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
