
ब्यावरा। असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक दशहरा पर्व नगर सहित जिले भर में परंपरानुसार मनाते हुए अहंकारी रावण के पुतलो को दहन किया गया.
जिले के सारंगपुर में सबसे अधिक 65 फीट हाइट के रावण पुतले का दहन किया गया. पचोर में 55 फीट तथा ब्यावरा में 51 एवं राजगढ़ में 50 फीट हाइट के पुतले का दहन किया गया.
ब्यावरा में अजनार नदी के तट पर पंचमुखी मंदिर के समीप नवीन दशहरा मैदान में 51 फीट के पुतले का दहन किया गया. नपा द्वारा कई दिनों से नवीन मैदान को व्यवस्थित किया जा रहा था. पहली बार में ही काफी कुछ बेहतर व्यवस्था यहां रही.
मैदान के बाहर भी रही भीड़
नवीन मैदान में काफी जगह होने से बड़ी संख्या में नागरिकों ने मैदान में पहुंचकर रावण दहन कार्यक्रम को देखा. वहीं मैदान के बाहर आसपास भी बड़ी तादाद में लोग खड़े होकर रावण दहन देख रहे थे. प्राचीन श्री चर्तुभुजनाथ मंदिर से भगवान का विमान तथा श्री बिहारीजी मंदिर से झांकी दशहरा मैदान पहुंची. जहां पूजा अर्चना, आरती पश्चात रावण के पुतले का दहन किया गया. रंगारंग आतिशबाजी का नजारा देखने को मिला. इस बार मंच पर कलाकारों द्वारा रामधुन के साथ सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी गई.
