राजगढ़। जिले में एम्बुलेंस वाहन कईं सालों पहले आए थे और अब ग्रामीण अंचलों में काफी चलने के बाद खस्ता हालत में पहुंच रहे है. तकनीकि रूप से दुरूस्त रहने वाले वाहन अब खराबी को दुरूस्त कराते नजर आ रहे है. दृश्य नगर के ब्यावरा नाके पर बुधवार को सामने आया जब करीब आधा दर्जन से अधिक एम्बुलेंस एक साथ मेंटिनेंस कराती नजर आई.
ये सभी एम्बुलेंस अलग-अलग खराबियों को कारण काफी देर तक गैरेज पर खड़ी रही. इनके साथ पायलट भी मशक्कत करते हुए नजर आ रहे थे. मरीजों को आपात स्थिति में अस्पताल और अन्य शहरों तक रेफर करने की स्थिति में पहुंचाने वाली एम्बुलेंस भी दम तोड़ रहीं है. ये कितनी दुरूस्त है और इनका मेंटिनेंस किस प्रकार हो रहा है यह भी समझा जा सकता है.
यदि समय रहते इन्हें ठीक प्रकार से दुरूस्त नहीं कराया गया तो कभी यह मरीजों की जान पर आफत बन सकती है. इनके मेंटिनेंस, रखरखाव को लेकर भी कोई गंभीर नजर नहीं आता. बीते दिनों देखने में आया था कि धक्का मारकर एम्बुलेंस को पेट्रोल पम्प तक ले जाया गया था.
जिले में नए एम्बुलेंस वाहनों की दरकार
जिले में काफी लंबे समय पहले एम्बुलेंस वाहन उपलब्ध कराए गए थे. ये वाहन काफी समय से ग्रामीण अंचलों, जर्जर मार्गों, भोपाल और इंदौर सहित उज्जैन की दौड़ लगा रहे है. तकनीकि और मेडिकल उपकरणों के मामले में ये वाहन अब कमजोर हो चले है. ऐसे में अब विभाग को नए एम्बुलेंस वाहनों को संबंधित सेवा एजेंसी के माध्यम से उपलब्ध कराया जाना चाहिए जिससे की आपात स्थिति में ये दुरूस्ती हो.
