वाशिंगटन 28 अगस्त (वार्ता) अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए से सेवानिवृत और विदेश विभाग के अधिकारी लॉरी जॉनसन ने कहा है कि अमेरिकी धमकियों के आगे न झुकने और रूस से तेल ख़रीदना बंद करने के बजाय भारत ने अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने और व्हाइट हाउस की धमकियों का डटकर सामना करने का फ़ैसला किया है।
श्री जॉनसन ने स्पूतनिक को बताया कि अब जब अमेरिका को “धमकाने वाला” और “अनुचित मांग करने वाला” माना जा रहा है, दूसरी ओर भारत “अपने पुराने दुश्मन चीन” के साथ संबंधों को और मज़बूत करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
हाल ही तक कई भारतीय उद्यमी और उद्योगपति अमेरिका के साथ घनिष्ठ संबंध बनाए रखने और “मूल रूप से अमेरिका को समायोजित करने की कोशिश” करने के बारे में काफ़ी मुखर थे लेकिन व्हाइट हाउस ने भारत पर थोपी की अत्यधिक आयात शुल्क ने इस स्थिति को बदल दिया है।
श्री जाॅनसन ने कहा, “ वे नाराज़ हैं। वे चिढ़े हुए हैं और अब वे अमेरिका से निपटने के विकल्प तलाश रहे हैं,”
अमेरिका से पैदा हुए आर्थिक खतरे ने भारत-चीन की नजदीक बढायी: जॉनसन
