
छतरपुर। जिले के नौगांव थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सुनाटी गांव में बीती रात एक दुखद घटना सामने आई। जानकारी के अनुसार, गांव के 50 वर्षीय रूप सिंह यादव रात करीब 11 बजे अपने घर में सो रहे थे, तभी उन्हें सांप ने काट लिया।
घटना के बाद परिजनों ने तत्काल उन्हें अस्पताल ले जाने के बजाय पहले झाड़-फूंक के लिए टीला गांव ले गए। वहां घंटों प्रयास के बाद भी जब उनकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ तो उन्हें नौगांव अस्पताल ले जाया गया। नौगांव अस्पताल के डॉक्टरों ने गंभीर स्थिति देखते हुए उन्हें तुरंत जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
बुधवार सुबह करीब 5 बजे जब वे जिला अस्पताल पहुंचे, तब तक उनकी हालत नाजुक थी और डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मृतक के भाई ने पुलिस को घटना की पूरी जानकारी दी है। इस घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों में झाड़-फूंक के अंधविश्वास पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं।
सांप के काटने पर क्या करें?
सांप के काटने पर घबराने की बजाय तुरंत सही कदम उठाना ज़रूरी है। सबसे पहले पीड़ित को शांत रखें और जितना हो सके हिलने-डुलने से रोकें, ताकि ज़हर का असर धीमा हो। काटे गए अंग को दिल के स्तर से नीचे और स्थिर रखें। तुरंत नज़दीकी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र जाएं, जहां एंटी-वेनम उपलब्ध हो। काटे गए स्थान पर झाड़-फूंक, कटाई, या ज़हर चूसने जैसी परंपरागत और खतरनाक तरीकों का इस्तेमाल न करें, क्योंकि इससे संक्रमण और खतरा बढ़ जाता है। जगह को पानी से न धोएं, ताकि डॉक्टर ज़हर की पहचान कर सकें। याद रखें, सांप के काटने के बाद हर मिनट कीमती होता है, इसलिए देरी जानलेवा हो सकती है।
