
जबलपुर। रक्षा बंधन पर्व पर नेताजी सुभाषचंद्र बोस केन्द्रीय जेल में सुरक्षा के पहरे में 1561 बंदी, हवालाती पुरूष बंदियों से दूर दराज से आई लगभग 3707 माताओं, बहनों एवं उनके साथ 1015 बच्चों ने अपने-अपने भाईयों को कुमकुम का तिलक लगाकर रक्षा सूत्र बांधकर मिष्ठान खिलाया और उनसे बुराईयों के रास्ते को छोड़ने का संकल्प लिया एवं मुलाकात की। जेल में परिरूद्ध 27 बंदी, हवालाती महिला बंदियों से भाईंयो ने राखी बंधवाई। कुल 4722 बहनों, भाईयो एवं परिजनों ने कुल 1588 पुरुष, महिला बंदी से जेल पर आकर रक्षा बंधन का पवित्र त्यौहार बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
