रविन्द्र सिंह चौहान
ग्वालियर:आगरा-मुंबई नेशनल हाइवे के शिवपुरी लिंक रोड पर मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात 1 बजे दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। शीतला माता मंदिर तिराहा के पास एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पैदल जा रहे कांवड़ियों को रौंदते हुए हाइवे से नीचे झाड़ियों में जा गिरी। हादसे में 4 कांवड़ियों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि आधा दर्जन से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही कंपू, जनकगंज, झांसी रोड और माधोगंज थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। चूंकि कार खाई में जा पलटी थी, इसलिए रेस्क्यू ऑपरेशन रातभर चला। झाड़ियों और गहरी खाई से शवों और घायलों को बाहर निकालने में पुलिस व राहत दल को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
रेस्क्यू में निकलवाए गए शव:
हादसे में तीन कांवड़ियों की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि एक ने ट्रॉमा सेंटर में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। मृतकों की पहचान पूरन बंजारा, रमेश बंजारा, दिनेश बंजारा और धर्मेंद्र उर्फ छोटू के रूप में हुई है। सभी घाटीगांव की सिमरिया पंचायत के सीडना चक गांव के निवासी थे।
35 किमी की दूरी रह गई थी यात्रा पूरी होने में:
कांवड़िए भदावना कुण्ड उटीला से जल भरकर घाटीगांव लौट रहे थे। हादसे के वक्त वे अपने गांव से महज 35 किलोमीटर दूर थे। सभी शिवभक्त गंगाजल लेकर महादेव के अभिषेक की तैयारी में थे। यात्रा का उत्साह अंतिम चरण में था, पर अचानक आई इस दुर्घटना ने पूरा गांव शोक में डुबो दिया।
कार के टायर फटने से हुआ हादसा:
पुलिस के अनुसार, हादसा कार का टायर बर्स्ट होने से हुआ। टायर फटते ही तेज रफ्तार कार बेकाबू होकर पहले कांवड़ियों को कुचला और फिर झाड़ियों में पलट गई। कार में सवार लोग भी घायल हुए, लेकिन एयरबैग खुलने से उनकी जान बच गई।
घटनास्थल पर पहुंचे परिजनों और ग्रामीणों ने जब शवों को खाई से बाहर निकलते देखा तो माहौल बेहद गमगीन हो गया। पुलिस ने मृतकों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं और आगे की जांच जारी है
