
सांवेर। प्रदेश के केबिनेट मंत्री तुलसी सिलावट के निर्वाचन क्षेत्र के सांवेर नगर परिषद के वार्ड नंबर 7 के पार्षद पद के लिए हुए चुनाव में भाजपा प्रत्याशी मांगीलाल बिसावत की करारी हार ही नहीं हुई बल्कि जमानत जब्त हो गई. कांग्रेस प्रत्याशी हसीना बी मंजर ने बिसावत को 796 वोटों से करारी शिकस्त दी. हालाँकि ये परिणाम अप्रत्याशित नहीं था बल्कि भाजपा नेता भी इस वार्ड में अपनी पराजय तय मानकर चल रहे थे.
निर्वाचन अधिकारी एसडीएम घनश्याम धनगर और सहायक निर्वाचन अधिकारी तेहसीलदार पूनम तोमर ने गुरुवार की सुबह स्थानीय पीएमश्री कन्या हायरसेकण्ड्री स्कूल में मतगणना की प्रक्रिया राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार और तयशुदा समयानुसार शुरू करवाई . चूंकि मतदान इवीएम में हुआ था इसलिए चंद मिनिटों में मतगणना की संपूर्ण कारवाई संपन्न हो गई. चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार हसीना मंजर मस्तान और भाजपा प्रत्याशी मांगीलाल बीसावत के बीच सीधा मुकाबला था. कांग्रेस प्रत्याशी हसीना बी को पहली इवीएम में 479 और भाजपा प्रत्याशी मांगीलाल को 90 वोट मिले जबकि दूसरी इवीएम हसीना बी को 434 और मांगीलाल को मात्र 27 वोट ही मिल सके. नोटा में भी 14 वोट पड़े. सोमवार को हुए मतदान में दोनों मतदान केन्द्रों में कुल पड़े 1044 मतों की गणना होना थी. मतगणना के अंतिम परिणाम में कांग्रेस प्रत्याशी को 913 मत और भाजपा प्रत्याशी 117 मत मिलने पर निर्वाचन अधिकारी धनगर ने हसीना बी को निर्वाचित घोषित करते हुए पार्षद सूर्यकुमार ओस्तवाल , श्याम सोनी और पूर्व पार्षद इशाक पठान की मौजूदगी में निर्वाचन प्रमाण पत्र सौंपा . एसडीएम ने दोनों दलों के नेताओं को शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव संपन्न करवाने में सहयोग देने के लिए धन्यवाद दिया .
परिणाम अप्रत्याशित नहीं मगर चौंकाने वाला
अल्पसंख्यक बाहुल्य वाले इस वार्ड में कांग्रेस की ओर से इसी वार्ड से पार्षद रहे मरहूम मंजर मस्तान की पत्नी हसीना को उम्मीदवार बनाया था जबकि भाजपा ने इसी वार्ड मांगीलाल बीसावत को प्रत्याशी बनाया. वार्ड की पुरानी तासीर और दिवंगत पार्षद की पत्नी की कांग्रेस की ओर से उम्मीदवारी होने हसीना बी के प्रति मतदाताओं में सहानुभूति के मद्देनजर उनकी सुनिश्चित जीत न केवल कांग्रेसी बल्कि भाजपा नेता भी मानकर चल रहे थे. जो नतीजा आया वह अप्रत्याशित नहीं है मगर भाजपा की जमानत जब्त होने से चौंकाने वाला जरुर है क् योंकि भाजपा प्रत्याशी की जमानत जब्त होने की भाजपा नेताओं ने भी नहीं सोंची थी.
