सिंगरौली: जिले के गोपला गांव में नाली नहीं होने के कारण बारिश का पानी सरकारी दफ्तरों और ग्रामीणों के घरों में घुटने तक जमा हो रहा है, जिससे कई मकानों और भवनों के धराशायी होने का खतरा मंडरा रहा है। वर्ष 2022-23 में सांसद रीति पाठक और विधायक अमर सिंह के प्रयास से एनसीएल के सीएसआर योजना के तहत गोपला-बिसही मार्ग पर 8 करोड़ रुपये की लागत से सड़क बनाई गई थी। परंतु निर्माण में लापरवाही के कारण न तो उचित अर्थवर्क हुआ और न ही नालियां बनाई गईं, जिससे पानी का बहाव रुक गया।
गांव के श्यामदेव पांडेय, जनार्दन देव और अन्य ग्रामीणों ने बताया कि बारिश का पानी सड़कों और घरों में भरने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। सामुदायिक भवन, वन विभाग कार्यालय, फॉरेस्ट रेस्टहाउस, पंचायत गल्ला गोदाम और उप स्वास्थ्य केंद्र भी पानी में डूबे हैं। ग्रामीणों ने कई बार अधिकारियों को अवगत कराया लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। अब ग्रामीणों ने गोपला जीरो रोड से लेकर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय तक करीब 300 मीटर लंबी नाली के शीघ्र निर्माण की मांग कलेक्टर से की है ताकि जलभराव से राहत मिल सके और संभावित हादसों को टाला जा सके।
