
रायसेन। बुधवार की शाम को तेज हवा आंधी के साथ ही हुई बारिश से शहर सहित जिले की बिजली सप्लाई की व्यवस्था ध्वस्त हो गई है। शहर में जगह-जगह पेड़ गिरने व डगाल टूटने से 50 से ज्यादा स्थानों पर हाइटेंशन व लो टेंशन के तार टूट गए तो मोबाइल टावर भी धराशायी होने के समाचार प्राप्त हुए हैं। 50 से ज्यादा पोल क्षतिग्रस्त हो गये हैं।आधे दर्जन ट्रांसफार्मर भी खराब हो गए है। इससे शहर सहित पूरे जिले में बीते 36 घंटे से अंधेरा छाया हुआ है। इससे विभाग को 60 लाख रुपए के नुकसान की खबर है। व्यवस्था बहाल करने में बिजली विभाग के 120 कर्मचारियों की टीमें जुटी रही। इन सबके बावजूद पुरानी बस्ती की शाम 5 बजे तक बिजली सप्लाई चालू हो गई थी।
बिजली व्यवस्था को बहाल होने में दो से तीन दिन और लगने की संभावना है। रामानुजगंज चौक से संजय पार्क के बीच पेड़ गिरने से एलटी व एचटी लाइन के तार टूट गए हैं। कस्बा नकतरा में ट्रांसफार्मर सहित पोल भी उखड़ गया है। एलटी लाइन के तार टूटकर सड़क पर गिर गए हैं। सेंट फ्रांसिस कान्वेंट स्कूल रायसेन के सामने म पेड़ गिरने से ट्रांसफार्मर सहित तार व खंभे क्षतिग्रस्त हो गये हैं। इसी तरह टपरा पठारी के सामने एक विशाल पेड़ बीच सड़क पर जा गिरा।जिससे काफी देर तक यातायात व्यवस्था ठप्प रही।
सागर भोपाल स्टेट हाइवे हाइवे भोपाल रोड़ पर भी आंधी हवा ने काफी तबाही मचाई।जगह जगह तार टूट गये हैं। आंधी की तबाही का असर दूसरे दिन भी रहा। बिजली नहीं हाेने से दिनभर लोग परेशान रहे।
जगह-जगह तार टूटने से ज्यादा दिक्कत हो रही है। अमला पूरे दिन इसे सुधारता रहा
तेज हवा आंधी की रफ्तार इतनी तेज थी कि बिजली के खंभे पेड़ जड़ सहित उखड़ गए और उखड़ कर फेंका गए। रातभर बिजली गुल होने से मच्छरों के हमले से लोग परेशान होते रहे। जैसे तैसे लोगों ने परिवार सहित घरों की छत पर बैठ गुजारी रात।
