ऑनलाइन गैम्बलिंग मामले में  गृह विभाग के पीएस सहित अन्य से जवाब तलब

जबलपुर। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका दायर कर कहा गया कि ऑनलाइन गैम्बलिंग में आर्थिक प्रलोभन से युवा उनकी चपेट में आकर अपना भविष्य बर्बाद कर रहे हैं। राज्य सरकार ने ऑनलाइन गैम्बलिंग पर अंकुश लगाने के कानून का ड्राफ्ट तैयार नहीं किया है। चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली युगलपीठ ने विधि एवं विधायी कार्य विभाग के प्रमुख सचिव और गृह विभाग के प्रमुख सचिव को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

जबलपुर निवासी अधिवक्ता राजेन्द्र गुप्ता ने याचिका दायर कर कहा कि सोशल मीडिया में झूठे और मनगढ़ंत विज्ञापन देकर ऑनलाइन जुआ के जरिए कम समय में बहुत अधिक कमाई करने का प्रलोभन देते हैं। इसके जाल में फंस कर युवा अपना पैसा और अपना भविष्य दोनों बर्बाद कर रहे हैं। युवा अपने माता-पिता के परिश्रम का पैसा खर्च कर रहे हैं और इस जुए के कारण वे कर्ज के दलदल में फंसते जा रहे हैं। जब वे कर्ज से बाहर नहीं निकल पाते हैं तो कई मामलों में उनकी जान भी चली जाती है। याचिका में मांग की गई कि राज्य सरकार इस पर अंकुश लगाने जरूरी व सख्त कानून बनाया जाये। मामले की सुनवाई पश्चात न्यायालय ने अनावेदकों को नोटिस जारी कर जवाब पेश करने के निर्देश दिये।

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चेक बाउंस पर सजा व जुर्माना

Fri May 30 , 2025
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