रामल्लाह 14 अप्रैल (वार्ता) फिलिस्तीन के राष्ट्रपति महमूद अब्बास और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रोन ने गाजा पट्टी में बढ़ते हालात पर चर्चा करने के लिए सोमवार को टेलीफोन पर बातचीत की।
फिलिस्तीन के राष्ट्रपति कार्यालय ने एक बयान में यह जानकारी दी है।
वाफा समाचार एजेंसी के अनुसार श्री अब्बास ने तत्काल युद्ध विराम, अप्रतिबंधित मानवीय सहायता पहुंच और फिलिस्तीनियों को उनकी भूमि से जबरन विस्थापित करने के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की तत्काल आवश्यकता पर जोर दिया।
इज़रायल ने दो मार्च से गाजा में सभी मानवीय सहायता को प्रवेश करने से रोक दिया है और 18 मार्च को हमास के साथ दो महीने का युद्ध विराम समाप्त कर दिया और एन्क्लेव पर हवाई और जमीनी हमले फिर से शुरू कर दिए।
गाजा स्वास्थ्य अधिकारियों ने आज बताया कि नए सिरे से किए गए इज़रायली हमलों में 1,613 फिलिस्तीनी मारे गए और 4,233 अन्य घायल हुए।
उन्होंने बताया कि अक्टूबर 2023 में संघर्ष शुरू होने के बाद से गाजा में मृतकों की कुल संख्या बढ़कर 50,983 तक पहुँच गई है जबकि 116,274 लोग घायल हुए हैं। अधिकारियों ने कहा कि पिछले 24 घंटों में ही इजरायली हवाई हमलों में कम से कम 38 लोग मारे गए और 118 अन्य घायल हो गए।
एजेंसी के अनुसार अपनी बातचीत के दौरान श्री अब्बास और श्री मैक्रोन ने गाजा में शासन और सुरक्षा जिम्मेदारियों को फिर से शुरू करने के लिए फिलिस्तीनी प्राधिकरण को सक्षम करने के महत्व पर भी जोर दिया।
उन्होंने बताया कि श्री अब्बास ने जबरन विस्थापन के लिए फ्रांस के विरोध और अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों के आधार पर दो-राज्य समाधान के लिए इसके समर्थन की प्रशंसा की। उन्होंने गाजा या वेस्ट बैंक से फिलिस्तीनियों को विस्थापित करने की किसी भी योजना को अस्वीकार कर दिया और इस तरह की कार्रवाइयों को अंतरराष्ट्रीय मानदंडों का स्पष्ट उल्लंघन बताया।
श्री मैक्रोन ने बुधवार को फ्रांस 5 टेलीविजन के साथ एक साक्षात्कार में कहा कि फ्रांस जून में औपचारिक रूप से फिलिस्तीन राज्य को मान्यता दे सकता है।
