नयी दिल्ली 18 मार्च (वार्ता) कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि किसानों की हालत एक दशक पहले ख़राब थी लेकिन इस सरकार के आने के बाद अनेकों उपाय किए गए जिससे किसानों की हालत लगातार सुधर रही है
श्री चौहान ने मंगलवार को लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान एक पूरक प्रश्न के जवाब में कहा कि उत्पादन बढ़ाना, उत्पादन की लागत घटाना, उत्पादन का उचित मूल्य देना, प्राकृतिक आपदा मरण भरपाई करना समेत ऐसे अनेक कदम किसानों के हितों के लिए उठाए गए।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत 32 हज़ार 475 करोड़ रुपये का प्रीमियम किसानों से एकत्रित किया गया और इसके बदले किसान आवेदकों को एक लाख 72 हज़ार 318 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया जो किसानों से एकत्र की गई प्रीमियम का पाँच गुना है।
उन्होंने कहा कि पहले की सरकार में फसल बीमा योजना में खामियां थीं जिसे अब ठीक कर लिया गया है । उन्होंने कहा कि अब इस व्यवस्था को बदला गया है और अगर बीमा कंपनी भुगतान में विलंब करेगी तो उसे 12 प्रतिशत ब्याज देना पड़ेगा ।
उन्होंने कहा कि पुरानी फसल बीमा योजना के तहत दावे के निर्धारण की इकाई तहसील होती थी। इसका मतलब यह था कि पूरी तहसील में फसल बर्बाद होने पर ही बीमा की राशि मिलती थी । हमारी सरकार ने इसमें बदलाव किया और फसल बीमा योजना की ग्राम पंचायत को बनाया है। इससे एक गांव के किसान की फसल बर्बाद होने पर उनको मुआवजा दिया जाता है। स्थानीय आपदा को भी इसमें शामिल किया गया है।
