नयी दिल्ली 05 मार्च (वार्ता) दिल्ली की एक अदालत ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर से सांसद इंजीनियर राशिद के उस आवेदन पर आदेश सुरक्षित रख लिया, जिसमें 10 मार्च से शुरू होने वाले संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण में हिस्सा लेने के लिए हिरासत पैरोल की मांग की गयी थी।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश चंदर जीत सिंह ने अभियोजन और बचाव पक्ष के वकील की दलीलें सुनने के बाद 07 मार्च तक के लिए अपना आदेश सुरक्षित रख लिया।
राशिद के वकील ने गत 27 फरवरी को हिरासत पैरोल की मांग करते हुए आवेदन दायर किया, जिसमें उन्होंने कहा कि चूंकि वे सांसद हैं और अपने सार्वजनिक कर्तव्य को पूरा करने के लिए उन्हें दूसरे सत्र में शामिल होने की आवश्यकता है।
गौरतलब है कि इंजीनियर राशिद उर्फ शेख अब्दुल राशिद ने 2024 के लोकसभा चुनाव में बारामूला से श्री उमर अब्दुल्ला को हराया था। उन्हें 2017 के आतंकवादी फंडिंग मामले में गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम के तहत राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने गिरफ्तार किया था और तिहाड़ जेल में बंद किया था। एनआईए ने जांच के बाद कश्मीरी अलगाववादी नेता यासीन मलिक, लश्कर-ए-तैयबा के संस्थापक हाफिज सईद और हिजबुल मुजाहिदीन के प्रमुख सैयद सलाहुद्दीन समेत कई लोगों के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया है।
