
ओंकारेश्वर जयप्रकाश पुरोहित की रिपोर्ट
2024 को विदा करने और 2025 के प्रथम दिन का स्वागत करने करीब एक लाख से भी अधिक श्रद्धालु भक्त ओंकारेश्वर पंहुचे।
10 हजार भक्त 31 दिसंबर को ओंकारश्वर पंहुच गए थे।
पर्यटक स्थल सेलानी टापू एवं हनुमानतिया टापू में भी हजारों पर्यटक पंहुचे।
एक जनवरी को प्रातः 4 बजे ज्योतिर्लिंग ओंकारश्वर मंदिर की मंगला आरती के बाद हीं भक्तो की लाइन लग गई थीं।
श्री ममलेश्वर जी मंदिर एवं ओंकार पर्वत की परिक्रमा में स्थित सभी प्राचीन मंदिरो के दर्शन लाभ लिए 108 फिट ऊँची आदि गुरु शांकराचार्य जी की प्रतिमा विशेष आकर्षण का केंद्र रही।
ज्योतिर्लिंग मंदिर में प्रशासन एवं ट्रस्ट द्वारा अधिक से अधिक भक्तो को दर्शन कराने का प्रयास किया गया
किन्तु गर्भ गृह छोटा होने से क्षमता कम है।
भक्तो ने मांग की है की भीड़ के समय भगवान की झलक मिल जाये तो मन को शांति मिलती है।दूर से दर्शन कराये जाना चाहिए
अभी गर्भ गृह में धक्का मुक्की बहुत होती है क्योंकि अंदर कोई सिस्टम नहीं है भगवान के नजदीक जाने से ज्योतिर्लिंग के दर्शन नहीं हो पाते है।
पकड़ कर बाहर कर दिए जाते है
कतार से चलने की कोई अंदर व्यवस्था नहीं है।
निकासी से दिव्यांगों एवं प्रोटोकाल के विशेष लोगो को दर्शन कराने ले जाते है जिससे घंटो से लगे सामान्य लॉइन के भक्तो को रुकना पड़ता है
