भोपाल में शिक्षक भर्ती के अभ्यर्थियों ने एक बार फिर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। अभ्यर्थियों का कहना है कि वे दो बार परीक्षा पास कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद उनका नाम मेरिट लिस्ट में शामिल नहीं किया गया है।
अभ्यर्थियों की मुख्य मांग भर्ती में पदों की संख्या बढ़ाने की है। उनका कहना है कि अतिथि शिक्षकों को 50 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है, लेकिन इसके अनुसार पदों की संख्या नहीं बढ़ाई गई।
प्रदर्शनकारियों ने बोर्ड कार्यालय से रैली निकालकर शिक्षा मंत्री के बंगले का घेराव करने की तैयारी की। हालांकि, पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। इस पर अभ्यर्थियों ने रोकने का लिखित कारण बताने की मांग की।
अभ्यर्थियों का दावा है कि वे पिछले एक साल से आंदोलन कर रहे हैं और भोपाल में 57 दिनों तक धरना भी दे चुके हैं। उनका कहना है कि 52 जिलों से अभ्यर्थी यहां पहुंचे हैं।
प्रदर्शनकारियों ने सरकार से जल्द पद बढ़ाने और भर्ती प्रक्रिया में राहत देने की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।
