पूर्व भारतीय दिग्गज क्रिकेटर युवराज सिंह ने एक बड़ा बयान देकर BCCI चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। युवराज का स्पष्ट मानना है कि यदि भारत को अपनी मजबूत बेंच स्ट्रेंथ और युवा प्रतिभा के साथ सही मायने में न्याय करना है, तो अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी जैसे प्रतिभावान खिलाड़ियों को जल्द से जल्द वनडे टीम का हिस्सा बनाया जाना चाहिए।
हालांकि, उन्होंने इस चर्चा में विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन का भी नाम लिया, जो पहले से ही सीमित ओवरों के सेटअप का हिस्सा रहे हैं। युवराज सिंह ने पीटीआई से बातचीत करते हुए बेहद बेबाकी से अपनी बात रखी।
युवराज सिंह ने चयन प्रक्रिया पर उठाए सवाल
युवराज सिंह ने कहा कि वह अभिषेक शर्मा को वनडे फॉर्मेट में खेलते हुए देखना चाहते हैं। युवी ने चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए स्पष्ट किया कि अगर हम अभिषेक शर्मा, ईशान किशन और वैभव सूर्यवंशी जैसे खिलाड़ियों को 50 ओवर के क्रिकेट में नहीं चुन रहे हैं, तो कहीं न कहीं हम देश की प्रतिभा के साथ न्याय नहीं कर रहे हैं।
युवराज ने यह भी स्वीकार किया कि मौजूदा भारतीय टीम में पहले से ही कई महान खिलाड़ी मौजूद हैं, जिससे अंतिम एकादश या 15 सदस्यीय दल में जगह बनाना बेहद कठिन है। लेकिन इन युवाओं के हालिया प्रदर्शन को देखते हुए इन्हें जल्द से जल्द टीम के स्क्वाड में जगह मिलनी ही चाहिए।
घरेलू क्रिकेट के आंकड़े और चयन का पेच
युवराज सिंह की इस मांग के इतर, अगर आंकड़ों और घरेलू क्रिकेट के प्रदर्शन पर नजर डालें, तो अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी दोनों के लिए टीम में आने की राह और चुनौतियां बिल्कुल अलग-अलग हैं।
जानें अभिषेक शर्मा के आंकड़े
अभिषेक का घरेलू लिस्ट-ए (50 ओवर) क्रिकेट में बल्लेबाजी औसत 33.78 का है। उन्होंने 68 पारियों में कुल 2196 रन बनाए हैं, जिसमें 4 शतक और 8 अर्धशतक शामिल हैं। यह औसत टी20 प्रारूप के लिहाज से तो काफी अच्छा माना जा सकता है।
लेकिन वनडे क्रिकेट में टॉप ऑर्डर (शीर्ष क्रम) में जगह पाने के लिए इसे पर्याप्त नहीं आंका जा रहा है। इसके अलावा, उन्होंने मध्यक्रम में बल्लेबाजी करते हुए भी अब तक कोई खास प्रभाव नहीं छोड़ा है।
कैसा है वैभव सूर्यवंशी के आंकड़े
वैभव सूर्यवंशी दूसरी ओर, युवा सनसनी वैभव सूर्यवंशी ने अभी तक बहुत अधिक 50 ओवर के मुकाबले नहीं खेले हैं, लेकिन उनके आंकड़े हैरान करने वाले हैं। उन्होंने अपने अब तक के छोटे करियर में 43.38 की शानदार औसत से 564 रन बनाए हैं। सबसे खास बात उनका 176.80 का हैरान कर देने वाला स्ट्राइक रेट है, जो उनकी आक्रामक और तूफानी बल्लेबाजी शैली को दर्शाता है।
चयनकर्ताओं के सामने बढ़ती जा रही है सिरदर्दी
भारतीय क्रिकेट इस समय जिस स्वर्णिम दौर से गुजर रहा है, वहां टैलेंट की कोई कमी नहीं है। घरेलू स्तर और आईपीएल के कारण एक से बढ़कर एक खिलाड़ी सामने आ रहे हैं, लेकिन टीम में सीमित स्थानों की वजह से चयनकर्ताओं के सामने सिरदर्द लगातार बढ़ता जा रहा है।
अब यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या अजीत अगरकर की अगुवाई वाली चयन समिति युवराज सिंह की इस सलाह पर विचार करती है और आने वाले समय में इन युवाओं को 50 ओवर के फॉर्मेट में मौका मिलता है या नहीं।
