सिरसा, एशियन गेम्स में भारतीय महिला हॉकी टीम को ऐतिहासिक स्वर्ण पदक दिलाने में अपनी दीवार जैसी गोलकीपिंग से अहम भूमिका निभाने वाली ‘गोल्डन गर्ल’ सविता पूनिया के अपने पैतृक गांव जोधकां पहुंचने पर ग्रामीणों ने उनका भव्य और ऐतिहासिक स्वागत किया। सविता के स्वागत के लिए जोधकां सहित आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में बच्चे, युवा और ग्रामीण पहुंचे थे। पारंपरिक ढोल-नगाड़ों की थाप पर लोगों ने नाचते-गाते हुए देश की इस स्टार खिलाड़ी का स्वागत किया और उनकी इस महान उपलब्धि पर अपनी खुशी का इजहार किया। ग्राम पंचायत के सरपंच आनंद स्वरूप और उपस्थित ग्रामीणों ने कहा कि सविता ने अपनी कड़ी मेहनत से पूरे सिरसा जिले और हरियाणा का नाम पूरी दुनिया में रोशन किया है।
युवाओं और विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणास्रोत बनीं सविता, परिवार और समाज के सहयोग को बताया बेहद अहम
स्वागत समारोह के दौरान उमड़े जनसैलाब के बीच सविता पूनिया ने अपने पैतृक गांव के लोगों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अपनों का यह प्यार और सम्मान उनके हौसले को और अधिक मजबूत करता है। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि प्रतिभा किसी क्षेत्र विशेष तक सीमित नहीं होती, बस जरूरत है तो सही अवसर और प्रोत्साहन की। सविता ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे बच्चों, और विशेषकर बेटियों को खेलों में आगे बढ़ने के लिए पूरा सहयोग और अवसर दें। उन्होंने हरियाणा सरकार की खेल नीति की भी सराहना की और कहा कि राज्य में खिलाड़ियों को मिल रही बेहतर सुविधाओं से युवा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन कर रहे हैं।
एशियन गेम्स की सफलता के बाद अब ओलंपिक गोल्ड पर टिकी निगाहें, गांव के लोगों ने दी भविष्य के लिए शुभकामनाएं
मीडिया से बातचीत करते हुए सविता पूनिया ने स्पष्ट किया कि एशियन गेम्स में चीन की टीम को हराकर स्वर्ण पदक जीतना और ओलंपिक के लिए क्वालिफाई करना उनके करियर का एक गौरवशाली क्षण रहा है, लेकिन अब उनका और पूरी टीम का अगला और मुख्य लक्ष्य आगामी ओलंपिक खेलों में भी देश के लिए स्वर्ण पदक जीतना है। वहीं, टूर्नामेंट शुरू होने से पहले ही बेटी की जीत को लेकर आश्वस्त रहे उनके पिता महेंद्र पूनिया ने कहा कि उनकी बेटी ने गांव और देश का मान बढ़ाया है। पूरे गांव ने भविष्य के मुकाबलों और ओलंपिक में शानदार प्रदर्शन के लिए सविता को शुभकामनाएं दीं और उम्मीद जताई कि वे देश का नाम इसी तरह ऊंचा करती रहेंगी।

