जबलपुर: दमोह जेल में पदस्थ सब-इंस्पेक्टर और उनकी पत्नी बड़े हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गए। देर रात सिहोरा में उनकी चलती कार के बोनट से अचानक धुआं उठने लगा। जब तक दंपती कुछ समझ पाते, कार धू-धू कर जल उठी। समय रहते गाड़ी रोककर बाहर कूदने की वजह से दोनों सुरक्षित है। पुलिस ने मामले में आगजनी का मामला दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार, पान उमरिया निवासी एसआई प्रीतम लाल कोल अपनी पत्नी मिथिला बाई के साथ सिहोरा में एक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। कार्यक्रम संपन्न होने के बाद वे देर रात अपनी लाल रंग की स्विफ्ट कार क्रमांक एमपी 34 जेड एच 6571 से वापस पान उमरिया लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में सिहोरा के पास अचानक कार के इंजन वाले हिस्से से धुएं का गुबार उठने लगा।
एसआई कोल ने सूझबूझ दिखाते हुए तुरंत गाड़ी किनारे लगाई। दंपती सुरक्षित स्थान की ओर भागे ही थे कि कार आग की लपटों से घिर गई। सूचना पर सिहोरा थाना प्रभारी प्रतीक्षा मार्को पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने फायर ब्रिगेड को कॉल किया। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद कार में लगी आग पर काबू पाया, लेकिन कार बुरी तरह जल चुकी थी। पुलिस ने आगजनी की कायमी कर जांच शुरू कर दी है। प्राथमिक तौर पर आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है।
