नई दिल्ली, ग्लोबल कॉफी दिग्गज स्टारबक्स कॉर्पोरेशन (Starbucks Coffee Company) ने भारत के तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में अपना पहला कॉरपोरेट टेक्नोलॉजी हब स्थापित करने की घोषणा की है। अमेरिका के सिएटल और नैशविले के बाद अमेरिका से बाहर यह स्टारबक्स का अपनी तरह का पहला वैश्विक तकनीकी केंद्र होगा। कंपनी द्वारा इस अत्याधुनिक टेक हब की स्थापना से चेन्नई में लगभग 800 उच्च-स्तरीय तकनीकी नौकरियां पैदा होने की उम्मीद है। स्टारबक्स ने इस केंद्र के लिए चेन्नई को इसलिए चुना क्योंकि यहां मजबूत तकनीकी टैलेंट पूल, बेहतरीन इंजीनियरिंग इकोसिस्टम, मजबूत बुनियादी ढांचा और देश के प्रमुख शैक्षणिक संस्थान मौजूद हैं।
टाटा के रिटेल वेंचर से अलग रहकर ग्लोबल बिजनेस को देगा सपोर्ट, अमेरिका समेत अन्य देशों की टीमों के साथ होगा समन्वय
यह नया ग्लोबल टेक हब भारत में टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स (Tata Consumer Products) के साथ चल रहे स्टारबक्स के मौजूदा रिटेल जॉइंट वेंचर से पूरी तरह अलग होकर स्वतंत्र रूप से काम करेगा। इस सेंटर का मुख्य उद्देश्य सीधे तौर पर कैफे या रिटेल ऑपरेशंस को संभालना नहीं, बल्कि स्टारबक्स के वैश्विक व्यवसाय को टेक्नोलॉजी और सॉफ्टवेयर सपोर्ट प्रदान करना है। चेन्नई स्थित यह हब अमेरिका और अन्य देशों की तकनीकी व बिजनेस टीमों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम करेगा, जिससे कंपनी की ग्लोबल डिजिटल क्षमताएं और अधिक मजबूत होंगी।
तमिलनाडु सरकार की जीसीसी पॉलिसी से मिली मदद, तीन साल तक पेरोल सब्सिडी का मिलेगा शानदार प्रावधान
स्टारबक्स का यह निवेश ऐसे समय में सामने आया है जब तमिलनाडु सरकार वैश्विक कंपनियों को राज्य में ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (GCCs) स्थापित करने के लिए विशेष रूप से प्रोत्साहित कर रही है। राज्य की जीसीसी स्पेशल स्कीम 2024-2027 के तहत पात्र कंपनियों को उच्च वेतन वाली नौकरियां सृजित करने पर तीन साल तक पेरोल सब्सिडी (पहले साल 30%, दूसरे साल 20% और तीसरे साल 10%) प्रदान की जा रही है। इस आकर्षक नीतिगत प्रोत्साहन के चलते चेन्नई अब अंतरराष्ट्रीय तकनीकी दिग्गजों और वैश्विक कंपनियों के लिए भारत में निवेश का सबसे पसंदीदा और प्रमुख ठिकाना बनता जा रहा है।

