इंदौर: शहर में हर साल अनंत चतुर्दशी पर गणेश विसर्जन जुलूस को लेकर आज वरिष्ठ अधिकारियों ने झांकी मार्ग का निरीक्षण किया. इस दौरान अधिकारियों ने बिजली, सफाई, सुरक्षा और यातायात सहित अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया. अधिकारियों द्वारा दोपहर में निरीक्षण करने के बाद कलेक्ट्रेट में झांकी और अखाड़ा संचालकों के साथ बैठक की गई.
आज सुबह कलेक्टर शिवम वर्मा, पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह, निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने 25 सितंबर को अनंत चतुर्दशी पर गणेश विसर्जन जुलूस मार्ग का दौरा किया. इस दौरान अधिकारियों ने झांकी मार्ग की विभिन्न तरह की व्यवस्थाओं का जायजा लेकर कमियों को समय से पूरा करने के निर्देश दिए. वहीं पुलिस आयुक्त ने सुरक्षा को लेकर मातहत अधिकारियों को बेरिकेटिंग और यातायात व्यवस्था कर विशेष इंतजाम करने का आदेश दिया. वहीं निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने झांकी मार्ग पर सड़कों गड्ढे और पेचवर्क के साथ मुख्य मार्ग के अलावा गलियों में भी हैलोजन से लाइट व्यवस्था करने के निर्देश दिए. झांकी मार्ग का दौरा करने के बाद दोपहर में अधिकारियों ने झांकी और अखाड़ा संचालकों के साथ बैठक की. बैठक में कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा कि अनंत चतुर्दशी का चल समारोह शहर की गौरवशाली परंपरा है. इसमें झांकियों के साथ अखाड़ों के कलाकार अपनी पारंपरिक कलाओं एवं कौशल का प्रदर्शन करते हैं. समारोह को देखने बड़ी संख्या में शहरवासी पहुंचते हैं. इसलिए ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है, जिससे दर्शकों को सुगमता रहे और झांकियों एवं अखाड़ों का आवागमन भी निर्बाध रूप से हो सके.
क्रम पूर्ववत ही रहेगा
बैठक में निर्णय लिया गया कि झांकियों का क्रम पूर्ववत ही रहेगा. झांकियां शाम 6 बजे से प्रारंभ होगी। पहली झांकी खजराना गणेश मंदिर की रहेगी. इसके पश्चात शास्त्री कार्नर नवयुवक मण्डल छोटा गणपति मंदिर चौराहा, इंदौर विकास प्राधिकरण, इंदौर नगर निगम, होप टेक्सटाईल(भण्डारी मिल), कल्याण मिल, मालवा मिल, हुकुमचन्द मिल, स्वदेशी मिल, राजकुमार मिल और स्पूतनिक ट्यूटोरियल एकेडमी की झांकियां निकलेगी. बैठक में झांकियों की ऊंचाई तथा मंचों की चौड़ाई निर्धारित मानकों के अनुरूप रखने पर भी चर्चा हुई, ताकि चल समारोह के दौरान आवागमन में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो और दर्शकों को भी झांकियां देखने में सुविधा रहे। झांकियों में दो से ज्यादा स्पीकर लगाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी. अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि डीजे पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा. उक्त प्रतिबंध हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुसार पालन करना अनिवार्य होगा.
