
जबलपुर। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने स्वास्थ्य अधिकारियों को 30 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों की हाइपरटेंशन स्क्रीनिंग में गति लाने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा है कि हाइपरटेंशन स्क्रीनिंग के लिए एएनएम के साथ.साथ सीएचओ को भी फील्ड विजिट पर अनिवार्य रूप से जाना होगा।
बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान
कलेक्टर ने एनसीडी पोर्टल के आंकड़ों के अनुसार हाइपरटेंशन स्क्रीनिंग की समीक्षा की और अप्रैल माह से अब तक की स्क्रीनिंग की कम प्रगति पर अप्रसन्नता व्यक्त की। इस मौके पर कलेक्टर ने छूट गए लोगों की स्क्रीनिंग पीएचसी, सीएचसी और अस्पताल की ओपीडी में करने के निर्देश देते हुए स्वास्थ्य अधिकारियों को इसकी नियमित मॉनिटरिंग करने की हिदायत भी दी। कलेक्टर कार्यालय में आयोजित बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक गहलोत, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ नवीन कोठारी तथा सभी विकासखंड स्वास्थ्य अधिकारी उपस्थित थे।
कैंसर, मातृ स्वास्थ्य, डिलीवरी सेवाओं की भी समीक्षा
बैठक में डायबिटीज, कैंसर स्क्रीनिंग, एनीमिया, मातृ स्वास्थ्य और डिलीवरी सेवाओं की संस्था.वार प्रगति की भी समीक्षा की गई। इसके साथ ही आभा आईडी से लिंक कर उपचार करा रहे हाइपरटेंशन और डायबिटीज मरीजों के मामले की जानकारी दी गई। श्री सिंह ने निर्देश दिए कि कर्मचारियों के तबादले की स्थिति में नए कर्मचारियों की पोर्टल आईडी तत्काल असाइन की जाए जिससे निष्क्रिय आईडी के कारण वास्तविक डेटा प्रभावित न हो। बैठक में बताया गया कि कैंसर स्क्रीनिंग के क्षेत्र में जिले का प्रदर्शन बेहतर रहा है जिसमें ओरल कैंसर स्क्रीनिंग में शत प्रतिशत और ब्रेस्ट कैंसर स्क्रीनिंग में 92 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की गई है।
