तेहरान, ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी आईआरएनए के अनुसार, अमेरिकी सेना द्वारा खुजेस्तान प्रांत के अहवाज और अघाजारी क्षेत्रों में किए गए मिसाइल हमलों में सात लोगों की मौत हो गई और आठ अन्य घायल हो गए। इस तनाव के बीच यमन के हूती-नियंत्रित विदेश मंत्रालय ने तेहरान के साथ एकजुटता जताते हुए चेतावनी दी है कि जो देश अमेरिकी हमलों के लिए अपनी जमीन का इस्तेमाल होने देंगे, उन्हें गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
डोनाल्ड ट्रंप का बयान और होर्मुज जलडमरूमध्य पर नियंत्रण
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर दावा किया है कि खाड़ी क्षेत्र में तनाव के बीच ईरान की अर्थव्यवस्था ढह रही है और होर्मुज जलडमरूमध्य पर अमेरिका का लगभग पूरा नियंत्रण है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका फिलहाल तेहरान को बातचीत की टेबल पर लाने का कोई इरादा नहीं है और उन्होंने ईरानी जनता से अपनी सरकार के खिलाफ उठ खड़े होने का आह्वान किया है।
आईआरजीसी की जवाबी कार्रवाई और सैन्य तनाव
ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी हमलों के जवाब में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) एयरोस्पेस फोर्स ने जॉर्डन स्थित अमेरिकी प्रिंस हसन एयर बेस पर बैलिस्टिक मिसाइलों से बड़ा हमला किया है। इस जवाबी कार्रवाई में अमेरिकी ड्रोन हैंगर और सैन्य उपकरणों को भारी नुकसान पहुंचने का दावा किया गया है, जिससे मध्य पूर्व में संघर्ष और अधिक गहरा गया है।

