जबलपुर: हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में स्पष्ट किया है कि ए क्लास अधिकारी का तबादला ए क्लास नगर पालिका से बी क्लास नगर पालिका में नहीं किया जा सकता। न्यायमूर्ति विशाल धगट की एकलपीठ ने इस अभिमत के साथ शहडोल नगर पालिका की मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) आशा भंडारी को अपने वर्तमान पद पर कार्य करते रहने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने जयसिंहनगर से शहडोल नगर पालिका का सीएमओ बनाए गए निशांत सिंह के तबादला आदेश को भी निरस्त कर दिया है।
आशा भंडारी की ओर से दायर याचिका में बताया गया कि राज्य शासन ने दो जून 2026 को उनका तबादला ए क्लास नगर पालिका शहडोल से बी क्लास नगर पालिका अनूपपुर कर दिया था। याचिकाकर्ता को वर्ष 2014 में ए क्लास अधिकारी घोषित किया गया था। याचिका में तर्क दिया गया कि राज्य शासन के प्रचलित नियमों के अनुसार ए क्लास अधिकारी की पदस्थापना बी क्लास नगर पालिका में नहीं की जा सकती। मामले की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने याचिका स्वीकार करते हुए आशा भंडारी को शहडोल नगर पालिका में अपने पद पर कार्य करते रहने का आदेश दिया।
