जबलपुर: रांझी के पनेहरा स्थित पेट्रोल पंप में प्रशासनिक, पुलिस अमले ने दबिश दी। कलेक्टर ने पेट्रोल- डीजल की डिस्पेंसिंग मशीनों की जांच की। उन्होंने मशीनों के कट-ऑफ सिस्टम, शून्य रीसेट प्रक्रिया और डिलीवरी दर का मौके पर ही सत्यापन कराया। उन्होंने अपने सामने 5 लीटर के मानक मापक जार में ईंधन भरवाकर मशीन की रीडिंग और डिलीवर हुई मात्रा की नाप-तौल भी कराई। साथ ही पेट्रोल-डीजल की शुद्धता की जांच भी कराई। इस दौरान इस पेट्रोल पंप के तीन नोजलों से पेट्रोल प्रदाय की मात्रा कम पाये जाने पर तीनों को तत्काल सील करने के निर्देश मौके पर मौजूद अधिकारियों को दिये।
कलेक्टर सिंह ने तीनों नोजलों को हाल ही में 24 अगस्त को सत्यापित करने वाले नाप-तौल निरीक्षक सचिन कुमार सोनी को भी कारण बताओ नोटिस जारी करने निर्देशित किया। कलेक्टर के निर्देश पर तीनों नोजलों को सील भी कर दिया गया है। कलेक्टर सिंह ने पेट्रोल पंप में उपलब्ध स्टॉक रजिस्टर, दैनिक बिक्री रिकॉर्ड तथा नाप-तौल के दस्तावेजों की भी जांच की। उन्होंने पंप संचालकों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि उपभोक्ताओं को पारदर्शी सेवा उपलब्ध कराएं तथा सभी सुरक्षा मानकों का पालन करें।
मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान के तहत केंट विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत रांझी क्षेत्र में कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने नगर निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. आयुष जाखड़ के साथ विभिन्न शासकीय संस्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन, तहसील कार्यालय रांझी, पनेहरा पेट्रोल पंप, विद्युत सेवा केंद्र एवं संजीवनी क्लीनिक का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। पनेहरा पेट्रोल पम्प के निरीक्षण के दौरान यहां खुले डॉमिनोज फूड सेंटर की भी जांच की तथा मौके पर एफएसएसआई का लायसेंस एवं अन्य अनुमति संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किये जाने पर खाद्य पदार्थों के सैंपल लेने और संस्थान के संचालक को कारण बताओ नोटिसजारी करने के निर्देश मौजूद अधिकारियों को दिये।
गणेशगंज रांझी स्थित मुख्यमंत्री संजीवनी क्लीनिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर का निरीक्षण किया। क्लीनिक के दैनिक कामकाज और मरीजों के रिकॉर्ड से संबंधित रजिस्टरों की जांच की। उन्होंने एएनसी पंजीयन की जानकारी भी ली। निरीक्षण के दौरान क्लीनिक में कई अनियमितताएं सामने आईं। कलेक्टर श्री सिंह ने पाया कि रजिस्टर में बीच का रिकॉर्ड गायब था। इसके अलावा प्रविष्टियों के क्रमांक में भी गड़बड़ी मिली। कलेक्टर ने रजिस्टर में दर्ज मरीजों के नाम, नंबर एवं दी गई दवाइयों की भी जानकारी ली। साथ ही मरीजों के नंबर पर फोन लगवाकर उन्हें मिले स्वास्थ्य लाभ की भी जानकारी ली। कई मरीजों ने संजीवनी क्लीनिक में सही इलाज नहीं मिलने की जानकारी दी।संजीवनी क्लीनिक में स्वास्थ्य कर्मचारियों द्वारा की गई लापरवाही परयहां पदस्थ सभी कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने तथा सभी का वेतन रोकने के निर्देश दिए।
गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन में कचरा प्रबंधन की व्यवस्थाएं देखीं कलेक्टर सिंह ने रांझी स्थित गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन के निरीक्षण के दौरान यहां रोजाना आने वाले कचरे की जानकारी लेते हुए गीले एवं सूखे कचरे को अलग-अलग रखने के निर्देश दिए। उन्होंने स्टेशन परिसर में खड़े कबाड़ हो चुके पुराने वाहनों का नियमानुसार डिस्पोजल करने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने गार्बेज स्टेशन के बाद तहसील कार्यालय रांझी का निरीक्षण किया।
मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के विद्युत सेवा केंद्र रांझी का निरीक्षण किया।
