
कटनी। जिले के बहुचर्चित जमीन सौदेबाजी और पद के दुरुपयोग मामले में घिरीं निलंबित नगर पुलिस अधीक्षक नेहा पच्चीसिया को जिला अदालत से बड़ा झटका लगा है। जिला एवं सत्र न्यायालय के प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने शनिवार 29 अगस्त 2026 को सुनवाई करते हुए निलंबित सीएसपी नेहा पच्चीसिया की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। अदालत में दो दिनों तक चली गहन सुनवाई और शनिवार को करीब 5 घंटे तक दोनों पक्षों के वकीलों के बीच चली तीखी बहस के बाद जज ने बचाव पक्ष की दलीलों को अमान्य करते हुए यह सख्त आदेश सुनाया। एडीजे कोर्ट से राहत न मिलने के बाद अब गिरफ्तारी से बचने के लिए निलंबित सीएसपी और उनके सहयोगियों के पास हाईकोर्ट की शरण में जाना ही कानूनी सहारा बचा है।
अदालत ने दोनों पक्षों को विस्तार से सुनने के बाद जमानत आवेदन को खारिज कर दिया। सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता ने अंतरिम राहत की मांग की, लेकिन अभियोजन पक्ष और एसआईटी द्वारा प्रस्तुत मजबूत साक्ष्यों, बैंक ट्रांजेक्शनों और संगीन आरोपों के मद्देनजर अदालत ने याचिका निरस्त कर दी। इस मामले में पुलिस विभाग ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। कुठला थाने में एफआईआर दर्ज होने के बाद से ही फरार चल रहीं निलंबित सीएसपी नेहा पच्चीसिया, मुख्य फाइनेंसर क्षितिज राज बारापात्रे और कागजी खरीदार मारूफ अहमद हनफी की गिरफ्तारी पर पुलिस विभाग ने 10-10 हजार रुपए का इनाम घोषित कर दिया है।
