
सूचना मिलने के बाद भारतीय तटरक्षक बल ने भारतीय नौसेना और अन्य समुद्री एजेंसियों के समन्वय से व्यापक खोज अभियान शुरू किया। भारतीय नौसेना के पी-8आई समुद्री निगरानी विमान को हवाई निगरानी के लिए भेजा गया, जिसने क्षेत्र में बहती हुई तीन जीवन रक्षक नौकाओं का पता लगाया।
समुद्री बचाव समन्वय केंद्र ने आसपास से गुजर रहे व्यापारिक पोतों से सहायता लेने के लिए अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र को भी सक्रिय किया। इसके बाद एमटी ऐस्पोस और एमटी मोल एज्योर नामक दो व्यापारिक पोत खोज अभियान में शामिल हुए। एमटी ऐस्पोस ने 22 अगस्त को एक जीवन रक्षक नौका से दो लोगों को सुरक्षित बचाया। उनकी पहचान चीनी नागरिक पैन टोंगलाई और चेन जियानहे के रूप में हुई।
दोनों बचाये गये चालक दल सदस्यों को भारतीय तटरक्षक पोत वरद से 27 अगस्त को सुरक्षित पारादीप लाया गया। यात्रा के दौरान उन्हें चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध करायी गयी। बाद में आव्रजन ब्यूरो और स्थानीय पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में दोनों को कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधियों को सौंप दिया गया। भारतीय तटरक्षक बल ने शेष चालक दल के सदस्यों की तलाश के लिए अतिरिक्त पोत और विमान तैनात किये हैं। समुद्र और हवा से संयुक्त रूप से खोज अभियान चलाया जा रहा है।
समुद्री बचाव समन्वय केंद्र श्री विजयपुरम क्षेत्र में मौजूद समुद्री एजेंसियों और अन्य पोतों के साथ लगातार समन्वय कर रहा है। अभियान का मुख्य उद्देश्य एमवी ओशन विनर के लापता चालक दल के अन्य सदस्यों का पता लगाकर उन्हें सुरक्षित बचाना है।
