
छतरपुर। जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार के लिए कलेक्टर मृणाल मीणा ने बुधवार को औचक निरीक्षण किया। उन्होंने सफाई, सुरक्षा, दवाओं की उपलब्धता और मरीजों की सुविधाओं की समीक्षा की। कलेक्टर ने माना कि अस्पताल में कुछ सुधार हुए हैं, लेकिन अभी भी कई कमियां बनी हुई हैं। सफाई कर्मचारियों और सिक्योरिटी गार्ड की कमी को दूर करने के लिए भेजे गए प्रस्तावों पर जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया।
कलेक्टर ने मरीजों के साथ अस्पताल में अधिक संख्या में अटेंडर घूमने पर नाराजगी जताई और फ्लोर इंचार्ज को मरीज के साथ अधिकतम एक-दो लोगों को ही रहने देने के निर्देश दिए। छत से पानी टपकने की समस्या को तत्काल ठीक कराने को कहा। दवाओं की कमी पर सिविल सर्जन ने नियमित रूप से कुछ दवाएं उपलब्ध नहीं होने की जानकारी दी, जिस पर कलेक्टर ने व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए। सफाई और पार्किंग की टेंडर प्रक्रिया भी जल्द पूरी करने को कहा।
कलेक्टर ने अस्पताल परिसर में एंबुलेंस पॉइंट बनाने का सुझाव दिया। साथ ही सभी फ्लोर पर अपना मोबाइल नंबर प्रदर्शित कराने के निर्देश दिए, ताकि मरीज और परिजन सीधे शिकायत कर सकें। नई बिल्डिंग तैयार है, लेकिन एनओसी नहीं मिली है। सिविल सर्जन ने 15 दिन में सभी आवश्यक एनओसी लेने का आश्वासन दिया। इसके बाद मरीजों को नई बिल्डिंग में शिफ्ट कर पुरानी बिल्डिंग का दबाव कम किया जाएगा।
