
जयप्रकाश पुरोहित
ओंकारेश्वर
ज्योतिर्लिंग भगवान ॐकारेश्वर जी 251 लीटर दूधा से महाभिषेक ममलेश्वर महादेव का श्रृंगार हुआ श्रावण मास के तृतीय सोमवार दोपहर 2 बजे निकले भगवान ओंकारेश्वर-ममलेश्वर महादेव फूलो से सुसज्जित पालकी मे सवार होकर नगर भ्रमण निकले इस अवसर पर भगवान ओंकारेश्वर के पंचमुखी प्रतिमा का 251 लीटर दही पंचामृत नर्मदा जल से महाभिषेक किया गया। आचार्य पंडित राजराजेश्वरी दीक्षित के आचार्यत्व में विद्वान पंडित और पुरोहितो द्वारा विधि-विधान से अभिषेक संपन्न कराया। अभिषेक के बाद ॐकारेश्वर व ममलेश्वर जी ने मां नर्मदा में नौका विहार किया। इसके बाद पालकी नगर भ्रमण पर निकली, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु ढोल झांझ मंजिरे भोले शम्भू भोले नाथ के जयघोष के साथ नगर भ्रमण किया।
मठ-मंदिरों और आश्रमों में भव्य स्वागत हुआ
पालकी यात्रा के दौरान मार्ग में नगरवासियो व श्रद्धालुओ द्वारा भगवान का भव्य स्वागत किया गया। विभिन्न स्थानों पर गुलाब सहित सुगंधित पुष्पो की वर्षा की गई । देर रात तक चलने वाली इस यात्रा के रात करीब 10:30 बजे मंदिर पहुँची । इसके बाद आरती कर भगवान को विश्राम के लिए गर्भगृह में विराजित किया गया। श्रावण के तृतीय सोमवार पर ओंकारेश्वर में सुबह से देर रात तक पूरा वातावरण शिवमय बना रहा। एक ओर ज्योतिर्लिंग भगवान ॐकारेश्वर जी का महाभिषेक हुआ वहीं दक्षिण तट पर स्थित ममलेश्वर महादेव का श्रृंगार किया गया ओर पालकी यात्रा, नर्मदा नौका विहार और हर-हर महादेव के जयघोष ने पूरी तीर्थनगरी को भक्तिमय बना दिया।
