जबलपुर: अपोलो अस्पताल के फार्मासिस्ट ने इंटर्नशिप कर रही डी.फार्मा की छात्रा को प्रेम जाल में फंसाया और शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया और जब छात्रा गर्भवती हो गई, तो उसे धोखे से गर्भपात की दवा खिला दी। तबीयत बिगडऩे पर आरोपी ने पीडि़ता को डरा-धमकाकर अस्पताल में भर्ती कराया और अब शादी करने से साफ मुकर गया। पीडि़ता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस से मिली जानकारी अनुसार मूलत: दमोह जिले की रहने वाली 21 वर्षीय युवती जबलपुर में चुंगी नाका माढ़ोताल में किराए के कमरे में रहकर डी.फार्मा (फार्मेसी) की पढ़ाई कर रही है। वह पाटन बायपास स्थित अपोलो हॉस्पिटल्स में इंटर्नशिप करने गई थी। इसी दौरान अस्पताल के फार्मेसी विभाग में काम करने वाले नीरज राठौर 24 वर्ष निवासी अनूपपुर से उसकी जान-पहचान हुई।
नीरज ने पीडि़ता को पसंद करने का इजहार किया और दोनों के बीच बातचीत शुरू हो गई। 13 मार्च 2026 को आरोपी नीरज राठौर ने अपने दोस्त का जन्मदिन होने की बात कही। उसने पीडि़ता को धनवंतरी नगर स्थित अपने कमरे पर बुलाया, जहाँ उसके दोस्त भी मौजूद थे। पार्टी खत्म होने के बाद आरोपी ने पीडि़ता की मर्जी के खिलाफ उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए। जब पीडि़ता ने इस पर आपत्ति जताई और रोने लगी, तो आरोपी ने उससे वादा किया कि वह उससे प्यार करता है और जल्द ही शादी कर लेगा। डर और बदनामी के कारण पीडि़ता ने यह बात किसी को नहीं बताई।
पेट दर्द की दवा बताई कर खिलाई गर्भपात की गोली
मार्च के आखिरी हफ्ते में पीडि़ता को पता चला कि वह गर्भवती है। उसने जब इसकी जानकारी नीरज को दी, तो आरोपी ने उसे दोबारा अपने कमरे पर बुलाया। वहां आरोपी ने पीडि़ता को एक बिना रैपर की टैबलेट दी और कहा कि यह पेट दर्द की दवा है, इसे खा लो आराम मिलेगा। पीडि़ता ने आरोपी पर भरोसा करके दवा खा ली। अगले ही दिन दोपहर से पीडि़ता को अत्यधिक रक्तस्राव होने लगी और उसकी हालत गंभीर हो गई। पीडि़ता की तबीयत लगातार बिगडऩे पर आरोपी उसे छिपाकर विजय नगर स्थित एक क्लीनिक और बाद में धनवंतरी नगर के स्काई ब्लू हॉस्पिटल ले गया। हालत बिगडऩे पर ऑपरेशन कराया।
मर जाओगी तब भी शादी नहीं करूंगा
प्रताडऩा से उबरने के बाद जब पीडि़ता ने नीरज पर शादी करने का दबाव बनाया, तो आरोपी अपने वादे से पूरी तरह मुकर गया। उसने पीडि़ता को मानसिक रूप से प्रताडि़त करते हुए कहा, तुम मर भी जाओगी तो भी मैं तुमसे शादी नहीं करूँगा, तुमको जो करना है कर लो। अब पीडि़ता ने हिम्मत कर रिपोर्ट दर्ज कराई है।
