इस्लामाबाद/नयी दिल्ली, (वार्ता) पाकिस्तान ने शनिवार को सभी भारतीय विमानों (चाहे वे नागरिक हों या सैन्य) के लिए अपने हवाई क्षेत्र के इस्तेमाल पर लगी रोक को एक और महीने के लिए बढ़ा दिया।
पाकिस्तान हवाई अड्डा प्राधिकरण (पीएए) द्वारा जारी ‘नोटिस टू एयरमेन’ (नोटम ) के अनुसारयह रोक अब 24 जुलाई की समाप्ति तिथि से आगे बढ़कर 23 अगस्त तक लागू रहेगी।
पाकिस्तानी अखबार ‘डॉन’ की रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (पीसीएए) के 2022 के एक दस्तावेज़ के मुताबिक, इस्लामाबाद का हवाई क्षेत्र दो ‘फ्लाइट इंफॉर्मेशन रीजन’ (एफआईआर) – कराची और लाहौर में बंटा हुआ है। यह नोटम कराची और लाहौर दोनों एफआईआर पर लागू होता है।
पाकिस्तानी आतंकवादियों द्वारा किए गए पहलगाम आतंकी हमले के बाद पैदा हुए तनाव के चलते दोनों देशों ने अप्रैल 2025 के आखिर में एक-दूसरे की एयरलाइंस के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया था।
पाकिस्तान के शीर्ष अधिकारियों ने 24 अप्रैल को जवाबी कार्रवाई के तहत कई कदम उठाने की घोषणा की थी। इनमें भारत के स्वामित्व वाली या भारत द्वारा संचालित सभी एयरलाइंस के लिए तत्काल प्रभाव से अपना हवाई क्षेत्र बंद करना शामिल था। यह कदम भारत द्वारा पाकिस्तान के आतंकी संगठनों को संरक्षण देने के खिलाफ उठाए गए कड़े कदमों के जवाब में उठाया गया था, जिसमें सिंधु जल संधि को निलंबित करना भी शामिल था। एक ऐसा कदम जिसने आज तक पाकिस्तान में भारी उथल-पुथल मचा रखी है।
तब से, पाकिस्तान ने भारतीय विमानों के लिए पाकिस्तानी हवाई क्षेत्र को बंद रखने की अवधि कई बार बढ़ाई है।
भारत ने सबूतों के साथ यह दिखाया था कि पाकिस्तान ने हमले का समर्थन किया था, जबकि पाकिस्तान ने अपनी संलिप्तता से इनकार करने की नाकाम कोशिशें की थीं। इसके बाद भारतीय सेना ने पाकिस्तानी आतंकी समूहों के खिलाफ जवाबी कार्रवाई के तौर पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया था।
इसके चलते दोनों परमाणु-सक्षम देशों के बीच तीन दिनों तक लड़ाई चली। इस दौरान भारत ने पाकिस्तान के वायु रक्षा प्रणालियों पर अपनी भारी तकनीकी बढ़त साबित की। भारत ने देश के भीतर सटीक ‘डीप स्ट्राइक’ कीं, जिनमें पीओके में नौ आतंकी कैंपों को सफलतापूर्वक नष्ट करना और कई आतंकवादियों तथा प्रमुख कमांडरों को खत्म करना शामिल था। साथ ही, 11 पाकिस्तान वायु सेना बेस को निशाना बनाया गया, जिससे उनकी वायु सेना की लगभग 20 प्रतिशत संपत्तियां नष्ट हो गईं।
