
पिपलोदा/जावरा। पिपलोदा तहसील के ग्राम आजमपुर डोडिया में दूषित पेयजल के सेवन से कई ग्रामीण उल्टी, दस्त और बुखार की चपेट में आ गए। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग सक्रिय हो गया तथा गांव में तत्काल राहत एवं चिकित्सा सेवाएं शुरू कर दी गईं।
जावरा विधायक डॉ. राजेंद्र पांडेय, रतलाम के अपर कलेक्टर ब्रजेश रावत, पिपलोदा तहसीलदार प्रीति साठे सहित प्रशासनिक एवं स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने बीमार ग्रामीणों एवं प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली और उपचार व्यवस्था का निरीक्षण किया।
कुंए का निरीक्षण : विधायक डॉ. राजेंद्र पांडेय ने उस कुएं का भी निरीक्षण किया, जिसके पानी के सेवन से ग्रामीणों के बीमार होने की आशंका जताई जा रही है। उन्होंने अधिकारियों को तत्काल पानी की गुणवत्ता की जांच कराने के निर्देश दिए तथा पिपलोदा से ट्यूबवेल के माध्यम से गांव में स्वच्छ पेयजल की वैकल्पिक और नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। स्वास्थ्य विभाग ने गांव में विशेष चिकित्सा शिविर आयोजित कर डॉक्टरों की टीम के माध्यम से मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया, आवश्यक दवाइयों का वितरण किया तथा गंभीर मरीजों को अस्पताल रेफर किया। स्वास्थ्य कर्मियों ने घर-घर पहुंचकर सर्वे भी किया और ग्रामीणों के स्वास्थ्य की निगरानी शुरू की।
पेयजल स्त्रोतों की जांच के निर्देश जारी : अपर कलेक्टर ब्रजेश रावत ने संबंधित विभागों को पेयजल स्रोतों की जांच, पानी की टंकियों की सफाई, पाइपलाइन की जांच तथा सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पानी की जांच रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
विधायक बोले- उबालकर करे पानी का उपयोग :विधायक डॉ. राजेंद्र पांडेय ने ग्रामीणों से अपील की कि वे घबराएं नहीं और फिलहाल पानी को उबालकर ही उपयोग करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रशासन पूरी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है तथा प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। प्रशासन ने पानी के नमूने प्रयोगशाला भेज दिए हैं। फिलहाल गांव में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है और स्वास्थ्य विभाग लगातार निगरानी बनाए हुए है। इस दौरान जनपद अध्यक्ष योगेंद्र सिंह, मंडल अध्यक्ष दिनेश पाटीदार, प्रवीण सिंह सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
