सतना : बच्चों के भविष्य के साथ किए जा रहे खिलवाड़ का जो नमूना देखने को मिल रहा है. उससे अब लोगों को भरोसा हो रहा है कि तंत्र की किसी भी मामले में संलिप्तता से इंकार नहीं किया जा सकता है. प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री के क्षेत्र में हुए घटनाक्रम पर विभाग के आला अधिकारियों का जानकारी से मुकरना सन्देह को मजबूत आधार दे रहा है.गौरतलब है कि देश की सबसे बड़ी और प्रतिष्ठित मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट में बड़े और सनसनीखेज फर्जीवाड़े का खुलासा परीक्षा के दूसरे ही दिन बिहार की पटना पुलिस और जांच एजेंसियों ने की थी.
इसमे संयुक्त ऑपरेशन के तहत एक हाईटेक सॉल्वर गैंग का पर्दाफाश करते हुए गिरोह के 30 शातिर सदस्यों को गिरफ्तार किया था.इस मामले में एक स्थानीय अटलबिहारी मेडिकल कालेज का छात्र भी गिरफ्तार हुआ.यह शातिर गैंग परीक्षा के अत्याधुनिक और पूरी तरह सुरक्षित माने जाने वाले बायोमेट्रिक सिस्टम में भी सेंध लगाकर असली अभ्यर्थियों की जगह फर्जी परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र में बैठाने का काला खेल खेल रहा था. इस पूरे अंतरराज्यीय गिरोह के तार प्रदेश से भी मजबूती से जुड़े हुए हैं. जहां गिरफ्तार आरोपियों में सतना मेडिकल कॉलेज के प्रथम वर्ष का एक छात्र भी शामिल है, जिसकी पहचान हिमांशु कुमार के रूप में हुई थी .इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली और चिंताजनक बात यह है कि इसके तार उपमुख्यमंत्री और प्रदेश के स्वास्थ्य व चिकित्सा शिक्षा मंत्री के गृह क्षेत्र से जुड़े हुए है. इसके बावजूद गम्भीरता न दिखाना समझ से परे है.
इतने गंभीर और देशव्यापी मामले के उजागर होने के बाद भी जिम्मेदार प्रशासनिक अधिकारी और चिकित्सा शिक्षा विभाग के आला अफसर इस पर कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं. आरोपी छात्र हिमांशु कुमार की गिरफ्तारी को लंबा समय बीत जाने के बाद भी कॉलेज प्रशासन या विभाग द्वारा उसके खिलाफ अब तक न तो कोई निलंबन या अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई और न ही इस पूरे रैकेट की जमीनी हकीकत जानने के लिए किसी आंतरिक जांच कमेटी का गठन किया गया .तंत्र से जुड़े अधिकारियों की यह निष्क्रियता और लापरवाही सीधे तौर पर उन लाखों ईमानदार छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है जो सालों तक दिन-रात एक कर इस परीक्षा की तैयारी करते हैं.
इनका कहना
इस संबंध में अभी तक ऊपर से कोई जानकारी नहीं मांगी गई है यदि कोई जानकारी सामने आती है तो उसकी जानकारी आप तक भी पहुचेगी.
डॉ.शशिधर गर्ग
मेडिकल कालेज डीन
इनका कहना
अभी तक मेरे संज्ञान में ऐसा कोई मामला नही है न ही इस संबंध मे कोई जानकारी है .आपके पास हो तो भेज दीजिए
धनराजू एस.
आयुक्त,जन स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा भोपाल
