गुवाहाटी | एआईयूडीएफ प्रमुख बदरुद्दीन अजमल ने सक्रिय राजनीति में वापसी करते हुए भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि जिन राज्यों में भाजपा की सत्ता नहीं है, वहां मुसलमान सुरक्षित हैं, लेकिन भाजपा शासित क्षेत्रों में स्थिति बेहद चिंताजनक है। उन्होंने मुख्यमंत्री की बयानबाजी को मुसलमानों में भय पैदा करने वाला करार दिया।
घुसपैठियों और पहचान पर रुख
बांग्लादेशी घुसपैठियों के मुद्दे पर अजमल ने स्पष्ट किया कि उन्हें ऐसे लोगों से कोई सहानुभूति नहीं है और वे भी चाहते हैं कि अवैध निवासी देश छोड़ें। हालांकि, उन्होंने चेताया कि देश के मूल निवासियों को ‘बांग्लादेशी’ या ‘मियां’ कहकर प्रताड़ित करना कतई जायज नहीं है। उन्होंने इसके खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ने का ऐलान किया है।
‘सबका सत्यानाश’ का दावा
अजमल ने केंद्र सरकार के ‘सबका साथ, सबका विकास’ के नारे को खारिज करते हुए इसे ‘सबका सत्यानाश’ बताया। उन्होंने कहा कि 18 प्रतिशत मुस्लिम आबादी को दरकिनार कर कोई भी देश खुशहाल नहीं रह सकता। उन्होंने भाजपा सरकार पर अहंकार का आरोप लगाते हुए कहा कि लोकतंत्र में ‘जिसकी लाठी, उसकी भैंस’ वाली नीति नहीं चलनी चाहिए।

