धार: मध्यप्रदेश के धार जिले में नगरीय निकाय क्षेत्रांतर्गत नलों में आ रहे गंदे पानी एवं अनियमित जल प्रदाय की समस्या को गंभीरता से लेते हुए उसका त्वरित और स्थाई निराकरण कर दिया गया है। नागरिकों को शुद्ध एवं पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के लिए नगर पालिका अमले द्वारा युद्धस्तर पर बुनियादी ढांचे में महत्वपूर्ण सुधार किए गए हैं।सीएमओ कु विश्वनाथ सिंह के अनुसार शहर की जल प्रदाय व्यवस्था को सुदृढ़ और निर्बाध बनाने के लिए निम्नलिखित निर्माण एवं तकनीकी कार्य पूर्ण कर लिए गए हैं। शहर में पानी का आपूर्ति बढ़ाने के लिए सीतापाट तालाब पर नया ट्रांसफार्मर स्थापित किया गया है। इसके साथ ही वहां 50 एचपी की एक अतिरिक्त उच्च क्षमता वाली मोटर लगाकर जल प्रदाय की क्षमता को सीधे तौर पर बढ़ा दिया गया है। इसके अतिरिक्त, जिन क्षेत्रों में पाइपलाइन की समस्या है, वहां बोरिंग के माध्यम से टैंकरों द्वारा चार अतिरिक्त आपूर्ति मार्ग बढ़ाकर पानी पहुंचाया जा रहा है।
मतरकूण्ड सम्पवेल पर नया बोरिंग कर 20 एचपी की नई मोटर स्थापित की गई है। नौगांव मुक्तिधाम में बोरिंग कर 15 एच.पी. की मोटर चालू की गई है। साथ ही लालबाग परिसर में चार नए बोरिंग सफलतापूर्वक किए गए हैं। इसके माध्यम से दौलत नगर, क्वींस पार्क, मगजपुरा, तिरुपति नगर, शरद नगर, बौरासी मोहल्ला, जानकी नगर, रतलाम रोड़, ओंकार नगर, बस स्टैंड, श्रीमाया क्षेत्र, पीडब्ल्यूडी, नागचंद्रेश्वर रोड़ एवं मांडव रोड़ क्षेत्रों में सुचारू रूप से जल प्रदाय किया जावेगा।
उन्होंने बताया कि मतलबपुरा क्षेत्र जल संकट को देखते हुए पांच निजी/अन्य बोरिंगों का अधिग्रहण किया गया है और उनमें 15-15 एच.पी. की मोटरें बढ़ाई गई हैं। इस बोरिंग के पानी को क्षेत्र के मुख्य सम्पवेल पर डालकर अब सम्पूर्ण मतलबपुरा क्षेत्र, धारेश्वर सम्पवेल, पुरानी नगर पालिका टंकी एवं किला टंकी के माध्यम से आमजन को पूरी तरह शुद्ध पेयजल प्रदाय किया जा रहा है। नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए नगर पालिका द्वारा फिल्तर प्लांट पर प्रतिदिन सघन साफ-सफाई एवं मेंटेनेंस का कार्य निरंतर किया जा रहा है, ताकि पानी की शुद्धता में कोई कमी न रहे।
