
जबलपुर। हाईकोर्ट ने भूमि अधिग्रहण मुआवजा से जुड़े मामले में सक्षम प्राधिकारी को समयबद्ध निर्णय सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए हैं।
याचिकाकर्ता रायसेन निवासी मोहम्मद असलम की ओर से ग्राम नीमखेड़ा पटवारी हल्का क्रमांक 39, तहसील एवं जिला रायसेन स्थित खसरा नंबरों की अधिग्रहित भूमि के एवज में भूमि अधिग्रहण अधिनियम 2013 की अनुसूची के अनुसार 9 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित मुआवजा दिलाए जाने की मांग की गई थी। याचिकाकर्ता का कहना था कि पूर्व में दायर रिट याचिका दायर की गई थी। जिसका निराकरण 5 फरवरी 2025 को करते हुए सक्षम प्राधिकारी को विधि अनुसार निर्णय लेने का निर्देश दिया गया था, किंतु आदेश के बावजूद अब तक अनुपालन लंबित है। जिसके बाद न्यायालय ने मामले का निराकरण करते हुए स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता सक्षम प्राधिकारी के समक्ष इस आदेश की प्रति प्रस्तुत करें। प्राधिकारी पूर्व आदेश को ध्यान में रखते हुए मामले का विधि अनुसार शीघ्र निराकरण करें तथा समस्त कार्यवाही अधिकतम तीन माह के भीतर पूर्ण की जाए। न्यायालय ने यह भी अपेक्षा जताई कि सक्षम प्राधिकारी प्रकरण की स्थिति से याचिकाकर्ता को समयबद्ध रूप से अवगत कराए।
