भोपाल। कोलार रोड स्थित ग्राम कजलीखेड़ा और कालापानी के निवासियों ने सड़क चौड़ीकरण की कार्रवाई से अपने घरों पर मंडरा रहे खतरे को लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई. ग्रामीणों का कहना है कि लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा क्षेत्र में सड़क निर्माण और चौड़ीकरण का कार्य शुरू किया जा रहा है, जिसके चलते उन्हें 4 जून तक मकान हटाने का नोटिस दिया गया है.
ग्रामीणों ने बताया कि वे पिछले लगभग 30 वर्षों से इस क्षेत्र में निवास कर रहे हैं. कई परिवारों के मकान प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित हैं, जबकि कुछ लोगों के पास भूमि के पट्टे भी हैं. उनका कहना है कि अधिकांश परिवार मजदूरी, चौकीदारी और अन्य छोटे-मोटे कार्यों से जीवनयापन करते हैं तथा वर्षों की मेहनत से अपने घर बनाए हैं.
पीड़ितों ने कलेक्टर प्रियंक मिश्रा को बताया कि सड़क निर्माण के लिए उनके मकानों को तोड़कर उन्हें करीब आधा किलोमीटर दूर पहाड़ी क्षेत्र में बसाने की तैयारी की जा रही है. ग्रामीणों के अनुसार वर्तमान स्थान पर ही पेयजल की समस्या बनी रहती है और पानी के लिए करीब 500 मीटर दूर जाना पड़ता है. ऐसे में पहाड़ी क्षेत्र में विस्थापन होने पर उनकी मुश्किलें और बढ़ जाएंगी.
मंगलवार को 15 से अधिक परिवारों के सदस्य अपनी समस्या लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे. कलेक्टर ने उनकी शिकायत सुनकर यथासंभव सहायता का आश्वासन दिया. हालांकि ग्रामीणों में अब भी अनिश्चितता और भय का माहौल है. उनका कहना है कि सड़क का निर्माण आसपास उपलब्ध शासकीय भूमि से भी किया जा सकता है, जिससे लोगों के घर बचाए जा सकें.
स्थानीय निवासी जयराम कुशवाहा ने कहा कि अधिकांश परिवार आर्थिक रूप से कमजोर हैं और बड़ी कठिनाई से अपने मकान खड़े कर पाए हैं. ऐसे में यदि मकान तोड़े गए तो उनके लिए दोबारा घर बनाना संभव नहीं होगा.
