
बेंगलुरु, 28 मई (वार्ता) कर्नाटक के वरिष्ठ कांग्रेस नेता आर वी देशपांडे के इस संकेत के बाद कि पार्टी आला कमान ने राज्य में नेतृत्व परिवर्तन पर पहले ही निर्णय ले लिया है और प्रदेश में बढ़ते राजनीतिक घटनाक्रमों के केंद्र में उपमुख्यमंत्री डी के शिवकुमार उभर कर आए हैं। श्री देशपांडे के बयान के अनुसार मुख्यमंत्री सिद्दारमैया के इस्तीफा सौंपने और औपचारिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद (जिसमें इस्तीफे की स्वीकृति और उसके बाद की संवैधानिक प्रक्रियाएं शामिल हैं) श्री शिवकुमार के मुख्यमंत्री पदभार संभालने की उम्मीद है।
श्री देशपांडे ने स्पष्ट किया कि प्रक्रियात्मक आवश्यकताओं की पूर्ति के बिना सत्ता हस्तांतरण आगे नहीं बढ़ सकता और साथ ही यह भी कहा कि इस्तीफे, स्वीकृति और शपथ ग्रहण का सटीक समय अभी तय नहीं हुआ है। उनके इस बयान से कि उच्च कमान ने अगले नेतृत्व का “निर्धारण” कर लिया है कांग्रेस हलकों में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और चर्चाएँ गहन हो गई हैं। अब ध्यान दिल्ली में पार्टी के वरिष्ठ नेतृत्व के साथ संभावित परामर्शों की ओर केंद्रित हो गया है। इसके साथ ही श्री देशपांडे ने स्पष्ट किया कि मंत्रिमंडल के पदों और विभागों से संबंधित निर्णय पूर्णतः पार्टी नेतृत्व और मुख्यमंत्री के अधिकार क्षेत्र में हैं और उन्होंने कहा कि वे किसी भी मंत्री पद की मांग नहीं करते हैं और न ही उस पर दावा करते हैं।
