ग्वालियर: ट्रेनों की समयबद्धता और सुरक्षित परिचालन को बाधित करने वाले यात्रियों के खिलाफ रेल मंडल ने अभियान तेज कर दिया है। इस अभियान के तहत बिना ठोस कारण अलार्म चेन पुलिंग करने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है। रेलवे प्रशासन द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 1 जनवरी 2026 से 30 अप्रैल 2026 के बीच मंडल में चेन पुलिंग की कुल 1964 घटनाएं दर्ज की गईं।
रेलवे सुरक्षा बल ने मुस्तैदी दिखाते हुए इन मामलों में अब तक 597 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया। गंभीर अपराध की श्रेणी में एक व्यक्ति को जेल भेजा गया। दोषियों से 1,74,235 रुपए का जुर्माना वसूला गया।रेलवे अधिकारियों के अनुसार, कुछ यात्री निजी स्वार्थ, जल्दबाजी या महज सुविधा के लिए चेन खींचकर ट्रेन रोक देते हैं। इससे न केवल संबंधित ट्रेन लेट होती है, बल्कि पूरे रेल खंड का यातायात प्रभावित होता है। एक ट्रेन रुकने से उसके पीछे आने वाली अन्य गाड़ियाँ भी कतारबद्ध हो जाती हैं, जिससे रेलवे को भारी आर्थिक नुकसान के साथ-साथ यात्रियों को भी असुविधा होती है।
