
कोलकाता, 07 मई (वार्ता) सौंदर्य प्रसाधन और स्वास्थ्यवर्धक उत्पाद बनाने वाली देश की अग्रणी एफएमसीजी कंपनी इमामी ने इंकनट डिजिटल तथा उसकी सहायक एवं संबद्ध कंपनियों में 60 प्रतिशत हिस्सेदारी (पूर्ण रूप से डायल्यूटेड आधार पर) हासिल करेगी। इमामी ने गुरुवार को एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि इसके लिए दोनों कंपनियों ने एक पक्का समझौता किया है। इस अधिग्रहण के लिए 321 करोड़ रुपये का भुगतान करेगी, जिसमें 24 महीने के दौरान प्रदर्शन-आधारित समायोजन शामिल हैं।इसके अलावा, इमामी अगले साढ़े चार साल में दो चरणों में इंकनट डिजिटल की की शेष हिस्सेदारी भी अधिग्रहित करेगी। इस हिस्सेदारी का मूल्य भविष्य के प्रदर्शन के आधार पर तय किये गये मानकों के अनुसार निर्धारित किया जायेगा। इंकनट देश निजी सौंदर्य प्रसाधन के उत्पाद बनाती है। उसके प्रमुख ब्रांड वैदिक्स और स्किनक्राफ्ट हैं। ये दोनों ब्रांड डायरेक्ट-टू-कंज्यूमर प्लेटफॉर्म के जरिये ग्राहकों की व्यक्तिगत जरूरतों, प्रोफाइल और अपेक्षित परिणामों के अनुरूप कस्टमाइज्ड हेयरकेयर और स्किनकेयर समाधान प्रदान करते हैं।
वैदिक्स पारंपरिक आयुर्वेदिक सिद्धांतों को आधुनिक डाटा विश्लेषण के साथ जोड़ते हुए व्यक्ति की प्रकृति और जीवनशैली के अनुसार विशेष फॉर्मुलेशन प्रदान करता है। स्किनक्राफ्ट त्वचा रोग विशेषज्ञों द्वारा निर्देशित दृष्टिकोण अपनाता है और क्लीनिकली प्रमाणित तत्वों का उपयोग कर त्वचा और बालों से जुड़ी विशेष समस्याओं का समाधान करता है। इमामी के उपाध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक हर्षवर्धन अग्रवाल ने कहा कि यह निवेश तेजी से बढ़ रहे सौंदर्य प्रसाधन खंड में कंपनी की उपस्थिति को मजबूत करने की दिशा में एक रणनीतिक कदम है। इस खंड में बाजार के लगातार विस्तार के बावजूद बहुत कम कंपनियां
गहराई से पर्सनलाइज्ड और परिणाम-आधारित समाधान प्रदान कर रही हैं। उन्होंने कहा कि वैदिक्स और स्किनक्राफ्ट इमामी के सौंदर्य प्रसाधन पोर्टफोलियो को आयुर्वेद और चर्म रोग विज्ञान आधारित व्यक्तिगत एवं विज्ञान आधारित उत्पादों से मजबूत करेंगे। इंकनट डिजिटल के संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी चैतन्य नल्लन ने कहा, “इमामी के साथ यह साझेदारी वैदिक्स और स्किनक्राफ्ट के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ है। इमामी की गहरी उपभोक्ता समझ और मजबूत निष्पादन क्षमता का लाभ उठाते हुए हम नवाचार को तेजी से आगे बढ़ाएंगे, अपनी पहुंच को बड़े स्तर पर विस्तार देंगे और व्यक्तिगत सौंदर्य उद्योग के विकास का नेतृत्व करेंगे।”
