सौसर:सौसर के ग्राम बोरगांव रेमंड से नागपुर गई एक बारात में शामिल होना बारातियों को उस वक्त महंगा पड़ गया, जब वहां भोजन करने के बाद सौ से अधिक लोग फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए। दूषित भोजन के कारण बारातियों को उल्टी, दस्त और पेट दर्द की शिकायत होने लगी, जिसके बाद अफरा-तफरी का माहौल बन गया। फिलहाल, बोरगांव क्षेत्र के 30 से अधिक मरीजों का उपचार सौसर के सिविल अस्पताल में जारी है।
दही-बड़ा और गुलाब जामुन पर गहराया शक
जानकारी के अनुसार, बोरगांव के मोहखेड़े परिवार की बारात नागपुर में आयोजित एक विवाह समारोह में शामिल होने गई थी। बारातियों ने बताया कि शादी में परोसे गए दही-बड़े और गुलाब जामुन खाने के कुछ देर बाद ही लोगों की तबीयत खराब होने लगी। इस समारोह में केवल स्थानीय लोग ही नहीं, बल्कि मुलताई, बैतूल और महाराष्ट्र के विभिन्न क्षेत्रों से भी मेहमान आए थे। खबर है कि अन्य क्षेत्रों के बाराती भी अपने-अपने इलाकों के अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं।
अस्पताल में मची रही गहमागहमी
जैसे ही बीमार बाराती बोरगांव लौटे, उनकी हालत बिगड़ने लगी। आनन-फानन में मरीजों को सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल प्रबंधन ने मुस्तैदी दिखाते हुए तुरंत सभी का इलाज शुरू किया। बीएमओ रुपेश बोकडे अस्पताल में भर्ती सभी मरीजों को डॉक्टरों की विशेष निगरानी में रखा गया है। समय पर इलाज मिलने के कारण फिलहाल सभी की स्थिति खतरे से बाहर है। एहतियात के तौर पर उन्हें ऑब्जर्वेशन में रखा गया है।”
विधायक सहित पूर्व मंत्री ने जाना हालचाल
फूड पॉइजनिंग की सूचना मिलते ही पूर्व मंत्री नाना भाऊ मोहोड़,क्षेत्रीय विधायक विजय चौरे सिविल अस्पताल पहुंचे। उन्होंने भर्ती मरीजों से चर्चा कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली और डॉक्टरों को निर्देशित किया कि उपचार में किसी भी प्रकार की कोताही न बरती जाए और सभी को समुचित दवाइयां उपलब्ध कराई जाएं।
