
जबलपुर। नगर निगम की कार्यप्रणाली को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार ने कड़ा रुख अपनाया है। निगमायुक्त ने कार्य में लापरवाही बरतने वाले 20 कर-संग्रहिताओं को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। इस मौके पर निगमायुक्मत ने स्पष्ट किया है कि शहर विकास और जनसुविधाओं से जुड़ी योजनाओं में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जारी निर्देश के मुताबिक निगमायुक्त ने राजस्व वसूली में तेजी लाने के निर्देश भी अधीनस्थों को दिए हैं। राजस्व अमले के इन 20 कर्मचारियों पर सख्त एक्शन के बाद अमले के अन्य अधिकारी-कर्मचारियों में दहशत व्याप्त है।
जानकारी के अनुसार बुधवार को निगमायुक्त ने निगम के विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों की विस्तृत समीक्षा बैठक ली। इस बैठक में राजस्व, बाजार, पीएम स्वनिधि, उद्यान और सीएम हैेल्पलाइन जैसे जनहित से जुड़े विषयों पर गहन चर्चा की गई। आयुक्त ने अधिकारियों को दो-टूक शब्दों में निर्देश दिए कि शहर की व्यवस्थाओं में सुधार और राजस्व लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए ‘फील्ड वर्क पर विशेष ध्यान दिया जाए।
14 मार्च तक का दिया गया है समय
इस मौके पर निगमायुक्त ने बाजार अधीक्षक को भी निर्देशित किया है कि वे अपनी टीम के साथ केवल कार्यालय तक सीमित न रहकर सीधे फील्ड पर उतरें और लंबित वसूली को गति दें। निगम की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने के लिए उन्होंने 14 मार्च तक की समय-सीमा निर्धारित की है। बैठक के दौरान उद्यान विभाग की कार्यप्रणाली पर भी चर्चा हुई। आयुक्त ने शहर के पार्कों और हरियाली के रखरखाव में सुधार लाने के लिए अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दी है। बैठक में सभी अधिकारीगण उपस्थित रहे।
