नयी दिल्ली, 17 फरवरी (वार्ता) राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन ने गत 31 जनवरी तक नौ महीनों की अवधि के दौरान धनवापसी के दावों से संबंधित 79,521 उपभोक्ता शिकायतों का समाधान किया है। आधिकारिक सूचना के अनुसार यह समाधान 31 क्षेत्रों में किया गया है। सूचना में यह भी कहा गया है कि राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन ने 31 क्षेत्रों में 52 करोड़ रुपये की राशि की वापसी हो सकी है। मुकदमे से पहले के चरण में 79,521 शिकायतों का समाधान किया गया है और इसमें ई-कॉमर्स का हिस्सा सबसे ज्यादा है। विभाग की यह प्रमुख पहल उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 के अंतर्गत प्रभावी, सुलभ और समयबद्ध शिकायत निवारण प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इन शिकायतों को कंपनियों को डिजिटल रूप से निर्धारित समय सीमा के अंदर समाधान के लिए भेजा जाता है, साथ ही निरंतर निगरानी और उपभोक्ता प्रतिक्रिया ट्रैकिंग भी की जाती है।
आधिकारिक सूचना में यह भी कहा गया है कि धनवापसी के अधिकांश मामले ई-कॉमर्स क्षेत्र से संबंधित सबसे अधिक शिकायतें दर्ज की गईं। इनकी संख्या 47,743 थी, जिसके परिणामस्वरूप 36 करोड़ रुपये से अधिक की राशि वापस की गई। इसके बाद यात्रा एवं पर्यटन क्षेत्र का स्थान रहा, जहां हेल्पलाइन के माध्यम से 4 करोड़ रुपये से अधिक की राशि वापस की गई। धनवापसी की सबसे ज्यादा समस्याएं ई-कॉमर्स की थी। देश भर के महानगरों के साथ-साथ दूरदराज के क्षेत्रों से भी ई-कॉमर्स क्षेत्र में धनवापसी संबंधी शिकायतें दर्ज की गईं जो अखिल भारतीय उपभोक्ता शिकायत मंच के रूप में राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन की व्यापक पहुंच और सुलभता को रेखांकित करती हैं। इसके बाद यात्रा एवं पर्यटन, एजेंसी सेवाएं, इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद, सामान्य बीमा की रही है।

